अवनि भार्गव और डॉ. अविनाश कुमार की प्रस्तुतियों ने बांधा समां
ग्वालियर। पं. गंगा प्रसाद पाठक ललित कला न्यास की ओर से न्यास के संस्थापक न्यासी एवं ग्वालियर घराने के प्रसिद्ध गायक व संगीताचार्य स्व. मथुरा मोहन श्रीवास्तव के पुण्य स्मरण में शास्त्रीय गायन की संगीतमय संध्या का आयोजन माहेश्वरी सेवा ट्रस्ट, तलैया में किया गया। कार्यक्रम में कलाकारों ने शास्त्रीय गायन के माध्यम से स्व. श्रीवास्तव को भावपूर्ण स्वरांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम का शुभारंभ नगर की युवा गायिका कुमारी अवनि भार्गव के गायन से हुआ। उन्होंने राग यमन में विलंबित एकताल में निबद्ध रचना “करिये कृपा मोपे मोरे श्याम मुरारी” प्रस्तुत की। क्रमिक स्वर विस्तार, आलाप, बोलतान और विविध लयकारियों के माध्यम से उन्होंने राग यमन के स्वर-सौंदर्य को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। उनकी कर्णप्रिय आवाज और द्रुत तानों ने श्रोताओं को प्रभावित किया।
इसके बाद अवनि भार्गव ने मध्यलय एकताल में “सबके हितकारी, महादेव त्रिपुरारी” का भावपूर्ण गायन किया। तबले पर नगर के युवा तबला वादक पं. शशिकांत शर्मा और हारमोनियम पर पं. नीलेश तिवारी ने प्रभावी संगत की।

डॉ. अविनाश कुमार के गायन से मंत्रमुग्ध हुए श्रोता
अवनि भार्गव के बाद दिल्ली से आए किराना एवं रामपुर-सहसवान घराने के प्रतिष्ठित गायक एवं दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रोफेसर डॉ. अविनाश कुमार ने अपनी प्रस्तुति दी। उन्होंने राग जोग में विलंबित एकताल की बंदिश “पियरवा को बिलमाये” से गायन की शुरुआत की। उनके स्वर विस्तार, विविध स्वर संयोजन और लयकारी ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
पं. पूर्णचंद चक्रवर्ती एवं श्रीमती साधना चटर्जी के शिष्य डॉ. अविनाश कुमार ने राग जोग में द्रुत तीनताल की बंदिश “मन चाहता मिले को सखी श्याम सों” तथा द्रुत झपताल में अपनी स्वरचित बंदिश “नाद जोग सरस” प्रस्तुत की।
तबले पर डॉ. अशेष उपाध्याय तथा हारमोनियम पर पं. नीलेश तिवारी ने प्रभावी संगत करते हुए प्रस्तुतियों को और समृद्ध किया। कार्यक्रम के अंत में डॉ. अविनाश कुमार ने राग भैरवी में अपनी स्वरचित रचना “शारदे मां जगत जननी” प्रस्तुत कर गायन का समापन किया।

दीप प्रज्ज्वलन और पुष्पांजलि से हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम से पूर्व कलाकारों और न्यासीगण ने स्व. मथुरा मोहन श्रीवास्तव एवं मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर पुष्पांजलि अर्पित की। न्यास के कार्यकारी अध्यक्ष श्री गोविंद देवलिया ने न्यास की गतिविधियों की जानकारी दी, जबकि सचिव श्री सुनील जैन ने आयोजन की रूपरेखा प्रस्तुत की।
कार्यक्रम में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष ज्योति शाह, श्री कालूराम पथिक, भोपाल से पधारे प्रो. अनूप कुमार, ऋतुराज कटारे, गायक यशवंत शर्मा, अरविंद द्विवेदी, अनंत सिंह, एडवोकेट चक्रवर्ती जैन, विनोद शर्मा, अतुल शाह, अमिताभ शर्मा, गायक पं. घनश्याम शर्मा, नारायण शर्मा, के. सिंह, व्ही.के. जैन, ओ.पी. चतुर्वेदी, शिवकुमार तिवारी, संतोष तिवारी, नीरज तिवारी, संतोष जैन, बलराम चौधरी, अनूप शर्मा, कवि ब्रज श्रीवास्तव, आनंद सौरभ, शायर शाहिद अली शाहिद, गायक प्रकाश पाठक, आशुतोष पाठक सहित बड़ी संख्या में संगीत एवं कला प्रेमी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में श्रीमती सुषमा श्रीवास्तव, गायिका सौम्या शर्मा, अंजली शर्मा, साम्या तिवारी, महक श्रीवास्तव, रीता शर्मा, आरती अहिरवार, कंचन मालवीय, नैनिका साहू, देवराज, श्रीमती उमा नागवंशी, हर्ष भार्गव, शिवराज राजपूत, गजेन्द्र शर्मा, अतुल तिवारी, सुजीत देवलिया, हरिओम राठौर, सचिन दांगी, अभिनव चतुर्वेदी, वासू शर्मा, श्रीमती आकांक्षा शर्मा, रेखा मोतियानी, प्राची मजुमदार, श्रीमती ममता गुर्जर, उदय ढ़ोली, सुदिन श्रीवास्तव आदि भी मौजूद रहे।कार्यक्रम का संचालन श्री प्रवीण शर्मा ने किया।