सीहोर से अनुराग शर्मा
लोकायुक्त की टीम ने श्यामपुर थाना प्रभारी अर्जुन जायसवाल को 25 हजार की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा है। यह गजब का संयोग है,2 वर्ष पूर्व इसी महीने लगे थे रिश्वत के आरोप,तब बच गए थे,लेकिन अब निपट गए।
सीहोर के वार्ड 22 के पार्षद को हत्या के केस फंसाने के नाम पर 5 लाख रुपए की रिश्वत लेने के आरोप लगाते हुए 2 वर्ष पूर्व 28/05/20 को सीहोर के पूर्व पार्षदों ने तत्कालीन एडिशनल एसपी समीर यादव को ज्ञापन देते हुए जांच कर कार्यवाही कर थाना प्रभारी को हटाने की मांग की थी।
गौरतलब है कि इससे पहले भी तत्कालीन एसपी को भी 22 मई को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की जा चुकी थी।और तो और ज्ञापन में थाना प्रभारी द्वारा 2 लाख रुपए मांगने के भी सबूत दिए थे ,लेकिन कोई बड़ी कार्रवाई देखने को नही मिली थी।

लिहाजा पार्षदों का कहना था कि वार्ड 22 के पूर्व पार्षद विशाल राठौर से मंडी थाने में पदस्थ एसआई व प्रभारी टीआई अर्जुन जायसवाल ने एक प्रकरण में 5 लाख रुपए की रिश्वत ली थी
लेकिन तब ऊक्त मामले में कोई कार्यवाही देखने को नही मिली थी।
लेकिन कहते हैं ना कर्म का भोग तो भोगना है आज नही तो कल,कल नही तो परसो…
एक ना एक दिन कर्म का फल तो जरूर मिलता है
यही इस मामले में देखने को मिल रहा है ठीक दो वर्ष पूर्व भ्रष्ट पुलिस अफसर अर्जुन जायसवाल पर रिश्वत लेने के आरोप लगे थे किंतु तब वो बच निकले थे लेकिन संयोग देखिए ठीक 2 वर्ष बाद ही रिश्वत लेने के चक्कर में धरा गए…
दअरसल लोकायुक्त की टीम ने श्यामपुर थाना प्रभारी अर्जुन जायसवाल को 25 हजार की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा है
जानकारी अनुसार थाना प्रभारी और नगर सैनिक को लोकायुक्त पुलिस भोपाल ने भागीरथ जाटव की शिकायत पर कार्यवाही कर रंगे हाथों पकड़ा। शयामपुर थाना प्रभारी अर्जुन जयसवाल के साथ नगर सैनिक अजय मेवाड़ा को भी रंगें हाथो रिश्वत लेते हुए दबोचा है।
बताया जा रहा है कि गाडी चोरी की रिपोर्ट के एवज में यह रिश्वत ले रहे थे ।और बड़ी बात यह है कि एक दिन पहले ही डीजीपी ने इस थाने का निरीक्षण किया था।