जैन साध्वियों की मौत पर सकल जैन समाज में आक्रोश, आरोपियों पर हत्या का मामला दर्ज करने और संतों की सुरक्षा की उठेगी मांग
सैयद मसूद अली पटेल गैरतगंज रायसेन
मध्यप्रदेश के रीवा जिले में जैन धर्म की दो आर्यिका माताजी की सड़क हादसे में हुई दुखद मृत्यु के बाद पूरे जैन समाज में गहरा आक्रोश व्याप्त है। घटना को लेकर गैरतगंज नगर में सकल जैन समाज द्वारा सोमवार 25 मई को विशाल मौन जुलूस निकालने का निर्णय लिया गया है। समाज के लोगों ने इस घटना को गंभीर बताते हुए आरोपियों के विरुद्ध हत्या का प्रकरण दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग की है।
जानकारी के अनुसार 20 मई को रीवा में जैन धर्म की दो महान तपस्वी आर्यिका माताजी पदयात्रा के दौरान सड़क मार्ग से गुजर रही थीं, तभी एक फोर व्हीलर वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। इस दर्दनाक हादसे में दोनों माताजी का निधन हो गया। घटना के बाद जैन समाज में भारी रोष है और इसे लेकर विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं।
इसी क्रम में नगर गैरतगंज में सकल जैन समाज द्वारा मौन जुलूस का आयोजन किया जा रहा है। यह मौन जुलूस सोमवार सुबह 9 बजे चंद्रप्रभु दिगंबर जैन मंदिर एवं पारसनाथ दिगंबर जैन मंदिर, चौक बाजार परिसर से प्रारंभ होगा। जुलूस नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय पहुंचेगा, जहां राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा।
ज्ञापन के माध्यम से जैन समाज द्वारा मांग की जाएगी कि रीवा घटना के आरोपियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए तथा पदयात्रा कर रहे साधु-संतों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए शासन और प्रशासन विशेष सुरक्षा व्यवस्था लागू करे।
सकल जैन समाज गैरतगंज ने नगर के समस्त धर्मप्रेमी बंधुओं, माताओं-बहनों एवं सामाजिक संगठनों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर धर्म और संत सुरक्षा के प्रति एकजुटता दिखाने की अपील की है। समाज का कहना है कि यह मौन जुलूस केवल विरोध नहीं बल्कि संत समाज की सुरक्षा और धार्मिक आस्था के सम्मान की आवाज है।