पूर्व घोषित वॉक इन इंटरव्यू अभ्यर्थियों के पहुंचने के बाद किया कैंसिल
सुरेन्द्र जैन रायपुर
छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग के छह एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों में अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति में मनमानी का मामला प्रकाश में आया है पूर्व घोषित वॉक इन इंटरव्यू की निर्धारित तिथि तीस जून को जब मौके पर लगभग चार पांच सौ अभ्यर्थी पहुंच गए तब उनका इंटरव्यू लेने के बजाय इंटरव्यू कैंसिल का आदेश बिना किसी जिम्मेदार के हस्ताक्षर के मौके पर चस्पा कर दिया गया इस साक्षात्कार के लिए धरसीवा रायपुर सहित प्रदेशभर से अभ्यर्थी पहुंचे थे जिन्हें निराशा हाथ लगी
जानकारी के मुताबिक दिनांक 11/06/2026 को डीओई की आधिकारिक वेबसाइट पर सहायक आयुक्त के हस्ताक्षर से ईएमआरएस, बस्तर जिला हेतु Walk-in Interview के माध्यम से भर्ती की अधिसूचना जारी की गई थी। अधिसूचना में स्पष्ट रूप से Walk-in Interview के माध्यम से चयन का उल्लेख था। कहीं भी यह नहीं लिखा गया था कि चयन केवल मेरिट के आधार पर किया जाएगा अथवा साक्षात्कार निरस्त किया जा सकता है। अतः सभी अभ्यर्थियों ने विज्ञापन में वर्णित प्रक्रिया के अनुसार साक्षात्कार हेतु तैयारी की।
लेकिन जब तीस जून को निर्धारित स्थल जगदलपुर के धुरगुड़ा में इंटरव्यू देने लगभग चार पांच सौ अभ्यर्थी पहुंच गए तब उन्हें ये बताया गया कि गूगल फॉर्म के माध्यम से 3325 आवेदन प्राप्त हुए, जबकि वास्तविक रूप से साक्षात्कार हेतु लगभग चार पांच अभ्यर्थी ही उपस्थित हुए थे।
प्रत्येक पोस्ट के लिए साक्षात्कार को पहुंचे थे पच्चीस से पचास अभ्यार्थी
भले ही गूगल से कितने भी फार्म क्यों न भरे गए हों लेकिन मौके पर वॉक इन इंटरव्यू के लिए प्रदेशभर से प्रत्येक पोस्ट पर लगभग 25 से 50 अभ्यर्थी ही पहुंचे थे, इसलिए सभी का साक्षात्कार लेना पूर्णतः संभव था। इसके बावजूद किसी प्रकार का इंटरव्यू पैनल गठित नहीं किया गया तथा बिना किसी पूर्व सूचना या संशोधित आदेश के चयन प्रक्रिया को केवल मेरिट के आधार पर परिवर्तित कर दिया गया। यह मूल विज्ञापन, निर्धारित भर्ती प्रक्रिया तथा सहायक आयुक्त द्वारा जारी निर्देशों के विपरीत एवं नियमों के विरुद्ध प्रतीत होता है।
ईएमआरएस CBSE अंग्रेज़ी माध्यम के विद्यालय हैं, जहाँ शिक्षक की विषय-ज्ञान, अंग्रेज़ी में अध्यापन क्षमता, संप्रेषण कौशल, व्यक्तित्व एवं कक्षा संचालन का उचित मूल्यांकन केवल साक्षात्कार के माध्यम से ही संभव है। केवल शैक्षणिक मेरिट के आधार पर यह निर्धारित नहीं किया जा सकता कि कौन अभ्यर्थी अंग्रेज़ी माध्यम में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण देने में सक्षम है। इससे चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता भी प्रभावित होती है तथा विद्यार्थियों के हितों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है, विशेषकर बस्तर जैसे शैक्षणिक रूप से पिछड़े क्षेत्र में।
विज्ञापन के आधार पर साक्षात्कार कर हों भर्ती प्रक्रिया
अभ्यर्थियों ने शासन से मांग की है कि 30/06/2026 को प्रयास आवासीय विद्यालय में केवल मेरिट के आधार पर की गई दस्तावेज़ सत्यापन एवं चयन प्रक्रिया को निरस्त करते हुए, सहायक आयुक्त द्वारा जारी मूल अधिसूचना के अनुसार Walk-in Interview आयोजित कराया जाए, ताकि नियमसम्मत, पारदर्शी एवं निष्पक्ष चयन प्रक्रिया के माध्यम से योग्य शिक्षकों का चयन सुनिश्चित हो सके और विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की रक्षा हो सके।