मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
सर्दियों का सीजन शुरू हो गया है और लोग सर्दियों से बचने के लिए गरम कपड़े, रजाईयां और कंबल खरीदते हैं। ऐसे ही भोपाल विदिशा हाईवे की सड़कों पर रजाईयों और गरम कंबल की ब्रिकी शुरू हो गई है। यह कंबल जो पंजाब से मंगवाए जाते हैं। जिनकी मध्य पदेश में भयंकर डिमांड है छोटे फुटकर व्यापारी जो पंजाब से कंबल मंगवाकर मध्य प्रदेश सड़कों पर बेचते हैं और इन कंबलों को लेने के लिए लोगों की खूब भीड़ उमड़ती हैं।
सड़को पर बिकने वाले ये कंबल किसी फेमस जयपुरी रजाइयों से कम नहीं हैं। यह दिखने में सुंदर और हल्के होते हैं साथ ही खूब गरम भी होते हैं। जो कड़ाके की सर्दी में ठंड को रोकने में कारगर हैं। इसलिए इन्हें लोग तुरंत खरीद लेते हैं। ये सभी कंबल अलग-अलग कलर्स, वजन और किमत के होते है। जिसमें कंबल की कीमत 500 रूपये से लेकर 3000 हजार रूपए तक है। इन पंजाबी कंबलों की खासियत होती हैं कि यह लंबे समय तक चलते हैं एक बार खरीदने पर इन्हें सही तरीके से इस्तेमाल करने पर यह 3-4 साल चलते हैं। इसलिए रजाइयों के मुकाबले लोग पंजाबी गरम कंबल को खूब खरीदते हैं।
भोपाल विदिशा हाइवे पर कंबल बेच रहे दुकानदार बताते हैं कि सर्दियों में इन पंजाबी कंबलों की सबसे ज्यादा डिमांड रहती हैं। लोग रजाईयों के मुकाबले कंबल खरीदना ज्यादा पंसद करते हैं। सड़कों किनारे कंबल लेकर बैठे सभी छोटे व्यापारियों के कंबल खूब बिक रहे हैं और जैसे-जैसे सर्दी बढ़ेगी उतनी ही कंबल की डिमांड भी बड़ती जाती हैं तो सर्दियों के इन कंबलों से लाखों का व्यापार होता हैं और कंबल बनने से लेकर बिकने तक हजारों लोगों को रोजगार भी मिलता हैं। हाईवे किनारे पर कंबल खरीदने ज्यादातर राहगीर रुकते हैं। जिनमें ज्यादातर ट्रक ड्राइवर होते हैं। क्योंकि ट्रक ड्राइवर कई दिनों तक अपने वाहनों में सामान लेकर सड़कों पर चलते रहते हैं।