Let’s travel together.

करोड़ों के बजट के बाद भी बिखरी पडी पुरा संपदा की सुध नहीं ले सका पुरातत्व विभाग 

0 133

देवेंद्र तिवारी सांची रायसेन

सांची अपने आप मे वर्षों पुरानी पुरासंपदा समेट हुए है इस पुरा संपदा को सुरक्षित व संरक्षित रखने का जिम्मा पुरातत्व विभाग को सौंपा गया हैं तथा पुरा संपदा को सुरक्षित संरक्षित रखने नगर मे ही पुरातत्व संग्रहालय को अस्तित्व मे लाया गया था तथा इस पुरासंपदा को सुरक्षित रखने एवं संरक्षित रखने सरकारें करोड़ों रुपये आवंटित करती है बावजूद इसके क्षेत्र भर मे बिखरी पडी पुरा संपदा से विभाग अनजान बना हुआ है ।
जानकारी के अनुसार इस नगर की पहचान एक पुरातात्विक धरोहरों को सहेजने एवं सुरक्षित संरक्षित रखने से की जाती है यह स्थल अपने आप मे ढाई हजार साल पुरानी ऐतिहासिकता समेटे हुए है इसके लिए सरकार ने पुरातत्व विभाग को जिम्मेदारी सौंपी गई है तथा इस स्थल पर प्राप्त प्राचीन धातुओं को भी सुरक्षित संरक्षित करने पुरातत्व संग्रहालय को भी अस्तित्व मे लाया गया था जहाँ बडी संख्या मे प्राचीन धातुओं को सुरक्षित रखना गया है ।वैसे तो यह पूरा क्षेत्र ही हजारों साल प्राचीन पुरासंपदा अपने मे समेटे हुए है इस पुरा संपदा को सुरक्षित व संरक्षित रखने सरकार इस विभाग को करोड़ों रूपये आवंटित करती हैं परंतु इस राशि को कहां खर्च किया जाता है यह केवल पुरातत्व विभाग ही जानता है इतनी लंबे बजट के वावजूद भी क्षेत्र भर मे बिखरी पडी पुरा संपदा भगवान भरोसे लापरवाही के चलते बिखरी पडी है जिसकी सुध लेने की फुरसत न तो पुरातत्व विभाग न ही पुरातत्व संग्रहालय को ही हो सकी ऐसा भी नही हैं कि इस बिखरी हजारों साल पुरानी संपदा से विभाग अनजान हो ।ऐसी ही समीपवर्ती नागौरी की पहाड़ी पर खंडित भगवान विष्णु की प्राचीन प्रतिमा है यहां रहने वाले रहवासी बताते हैं कि यह प्रतिमा हजारों साल पुरानी है तथा पूर्व मे इस प्रतिमा को खंडित अवस्था मे पाया गया था तब ग्रामीणों ने इसकी प्राचीनता को देखते हुए उसी स्थान पर उसकी व्यवस्था कर स्थापित कर दिया तथा इस प्राचीन प्रतिमा की देखरेख भी ग्रामीण ही करते हैं बतायाजाता हैं यह प्रतिमा भगवान विष्णु की दिखाई देती हैं तब से इसकी पूजा अर्चना भी तीज त्योहारों पर की जाती हैं इसके पास अनेकों छोटी छोटी संपदा भी बिखरी पडी थी जिसे ग्रामीणों ने उसी स्थान पर सुरक्षित कर दिया ।बावजूद इसके भगवान भरोसे पडी प्राचीन धरोहरों से विभाग को क़ोई सरोकार नही रहा न ही इन्हें देखने की फुर्सत ही मिल सकी जिससे बिखरी पडी पुरा संपदा नष्ट होने की कगार पर पहुंच गई है इसके पूर्व अनेकों बार पुरातत्व विभाग के संज्ञान मे इन संपदाओं की जानकारी लाई जा चुकी थीं परन्तु न तो विभाग ही सुध ले सका न ही प्रशासन ने ही इन्हें सुरक्षित व संरक्षित रखने के प्रयास ही किए तथा यह बेशकीमती पुरासंपदा अपनी कहानी खुले आसमान के नीचे स्वयं बयां कर रही हैं ।

Leave A Reply

Your email address will not be published.

कांग्रेस सेवा दल ने निकाली रैली किया ध्वाजारोहण      |     सूखा करार मे बडे स्तर पर चल रहे वेश्यावृत्ति को लेकर ग्रामीणों ने थाना प्रभारी के नाम सौंपा ज्ञापन      |     लूट की वारदात करनेवाले लुटेरों को तत्काल पकडऩे मे पुलिस को मिली बडी सफलता     |     लूट की घटना को अंजाम देने वाला मुख्य आरोपी कनवर बाग गिरफ्तार      |     भाजपा चिकित्सा प्रकोष्ठ ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में किया वृक्षारोपण     |     शाला प्रवेश उत्सव’ में पहुंचे विधायक, नवप्रवेशी बच्चों का किया स्वागत     |     विधायक अनुज शर्मा ने कुम्हारी (ज़ारा) को दी लाखों के विकास कार्यों की सौगात     |     बारिश में डूबा अंबाडी-छपरई अंडरपास, तीन रेलवे पटरियां पार करने को मजबूर ग्रामीण; हादसे का खतरा बढ़ा     |     सोसाइटी के सामने 80 मीटर  सीसी सड़क निर्माण शुरू,वर्षों पुरानी जलभराव की समस्या से मिलेगी राहत     |     दो साल बाद जागा एमपी आरडीसी, बालमपुर घाटी पर क्षतिग्रस्त रेलिंग बदलने का काम शुरू, वाहन चालकों को मिलेगी राहत     |    

Don`t copy text!
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9425036811