हेमेन्द्रनाथ तिवारी उज्जैन
आंशिक सूर्यग्रहण स्थानीय जीवाजी वेधशाला में देखा गया।यह ग्रहण 1 घण्टा 13 मिनिट दिखाई दिया। ग्रहण की स्थिति में ही उज्जैन में सूर्यास्त भी हो गया।जीवाजी वेधशाला में बड़ी संख्या में खगोलप्रेमी सूर्य ग्रहण देखने पहुंचे। वहीं धार्मिक मान्यताओं के चलते लोग घरों में ही बंद रहे। सड़कों पर कर्फ्यू सा माहौल बना।

मंदिरों के पट बंद रहे तो लोग भजन कीर्तन भी करते रहे । सूतक काल में महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन बंद कर दिए थे सूतक समाप्ति के बाद मंदिर को पानी से धोने व साफ-सफाई के बाद ही धार्मिक परंपराओं का निर्वाह करते हुए मंदिर के पट खोले। वहीं ग्रहण के दौरान शिप्रा के पावन तटो पर भी श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही वही ग्रहण समाप्ति के बाद शिप्रा के घाट पर श्रद्धालुओं ने स्नान किया और दान आदि भी किया।इधर जीवाजी वेधशाला के प्रभारी अधीक्षक डॉ.आर.पी.गुप्ता ने वेधशाला में ग्रहण दिखाने की व्यवस्था की थी।

उज्जैन में आसमान साफ होने के चलते ग्रहण की स्थिति इस प्रकार रही-
ग्रहण का प्रारंभ सांय 4 बजकर 41 मिनिट 01 सेकण्ड पर हुआ। ग्रहण का मध्य सायं 5 बजकर 38 मिनिट पर हुआ। ग्रहण के दौरान उज्जैन में सूर्यास्त 5 बजकर 53 मिनिट पर हुआ।ग्रहण का मोक्ष 6 बजकर 32 मिनिट 01 सेकण्ड पर हुआ।