बाघ के पगमार्क मिले
– कुछ दिन पहले भी दो गाय और एक पडिया को शिकार बनाया
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
सांची विकासखंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत अंबाडी के गांव सत्ती में बाघ ने देर रात दो बैलों पर हमला कर उन्हें अपना शिकार बना लिया, जिससे दोनों बैलों की मौके पर ही मौत हो गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार सफेद बैल लाल सिंह निवासी सत्ती और लाल बेल लच्छू राम निवासी सत्ती का है। दोनों ही बैलों का फैसला मात्र 1 किलोमीटर के अंदर ही था। घटनास्थल पर बाग के पग चिन्ह भी साफ दिखाई दे रहे हैं।
इस घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है।
ग्रामीणों का कहना है कि इससे पहले भी बाघ कई पालतू जानवरों को अपना शिकार बना चुका है, लेकिन वन विभाग द्वारा अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीणों में भय का माहौल है और लोग रात के समय घरों से बाहर निकलने से कतरा रहे हैं।
ग्रामीणों ने वन विभाग से बाघ को पकड़ने और गांव में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग की है, ताकि किसी बड़ी अनहोनी से बचा जा सके।
कुछ दिन पहले भी इसी जंगल में बाघ ने दो गाय और एक पडिया का शिकार किया था
बाघ की दहशत से गांव में मवेशी पालने वाले किसानों में डर का माहौल बना हुआ है,बाघ के डर के वजह से अब ग्रामीणों का रात में निकलना भी दुश्वार हो गया है। 1 साल के अंदर नरखेड़ा, कुलहड़िया ,दीवानगंज, अंबाडी, कयामपुर, सग्रामपुर,के आसपास के जंगल में बाघ की तादाद मैं बढ़ोतरी हुई है लगातार बाघ किसी न किसी मवेशी को अपना शिकार बना रहा है। आसपास के ग्रामीण अंचलों में रहने वाले ग्रामीण दहशत में जीने को मजबूर हो रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि बाघ का रेस्क्यू नहीं किया जा रह है। जिससे आए दिन बाघ मवेशियों को अपना शिकार बना रहा है।