रामभरोस विश्वकर्मा, मंडीदीप रायसेन
रायसेन पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। डकैती की योजना बना रहे 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर पुलिस ने उनके कब्जे से हथियार और चोरी का सामान बरामद किया है। पूछताछ में आरोपियों ने पूर्व में की गई 7 चोरी की वारदातों को भी कबूल किया है।
पुलिस अधीक्षक आशुतोष गुप्ता के निर्देशन में जिले में संपत्ति संबंधी अपराधों पर अंकुश लगाने और आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपुसे के मार्गदर्शन एवं एसडीओपी ओबेदुल्लागंज श्रीमती शीला सुरणा के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया।
सूचना पर कार्रवाई, मौके से पकड़े गए आरोपी
दिनांक 05 मई को मुखबिर से सूचना मिली कि ओबेदुल्लागंज क्षेत्र के जेल रोड स्थित पुराने आईटीआई भवन के पास कुछ संदिग्ध व्यक्ति एकत्र होकर किसी कंपनी में डकैती डालने की योजना बना रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही आरोपी भागने लगे, लेकिन टीम ने तत्परता दिखाते हुए सभी को पकड़ लिया।
पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा
गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में सतलापुर क्षेत्र की एक फैक्ट्री में डकैती की योजना बनाना स्वीकार किया। साथ ही पूर्व में की गई 7 चोरी की घटनाओं में भी अपनी संलिप्तता कबूल की।
जप्त सामग्री
आरोपियों के पास से एक नकली पिस्टल, लोहे के बका, रॉड, चाकू सहित अन्य औजार तथा 4 मोटरसाइकिलें जब्त की गई हैं।
बरामदगी
पुलिस ने आरोपियों से 4 मोटरसाइकिल, 2 मोबाइल, 1 टीवी एवं ₹1,00,000 नगद सहित कुल लगभग ₹7,00,000 का मशरूका बरामद किया है।
आरोपियों पर प्रकरण दर्ज
सभी आरोपियों के विरुद्ध बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विवेचना की जा रही है।
इन अधिकारियों की रही सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में एसडीओपी ओबेदुल्लागंज श्रीमती शीला सुराणा , सतलापुर थाना प्रभारी विजय त्रिपाठी, मंडीदीप थाना प्रभारी रंजीत सराठे, ओबेदुल्लागंज थाना प्रभारी बी.पी. सिंह, उप निरीक्षक अरुणा साना, उप निरीक्षक अरविंद पांडे, सहायक उप निरीक्षक मुकेश चौरसिया, प्रधान आरक्षक कृष्णपाल सिंह, आरक्षक भूपेंद्र रघुवंशी, सुनील बडे, केदार सिंह, कमल मरकले, उदयवीर जाट, सोमन दास, गायत्रेंद्र भास्कर, विजय धावड़े, सुरेश पर्ते, लक्ष्मण एवं संतोष शुक्ला की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
यह कार्रवाई जिले में बढ़ते अपराधों पर लगाम लगाने की दिशा में पुलिस की एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।