Let’s travel together.

वैश्य महासम्मेलन ने किया यूपीएससी से आईईएस ऑफिसर बने सारांश गुप्ता का सम्मान

0 190

 

– पहले ही अटेम्ट में किया पास, बने सबसे कम उम्र के IES अधिकारी

रंजीत गुप्ता शिवपुरी

शिवपुरी के सारांश गुप्ता ने पहले ही प्रयास में upsc इंडियन इंजीनियरिंग सर्विसेस में 20 वाँ स्थान प्राप्त कर हौसलों की मंजिल को जीत लिया है। आपको बता दे कि शिवपुरी के सिध्देश्वर कॉलोनी में रहने वाले वैश्य समाज के गुप्ता परिवार में सारांश के पिता संजीव गुप्ता पंचायत सचिव है माँ शोभा गुप्ता भाई सत्यम गुप्ता sbi में और बहिन सुरभि गुप्ता सेंट्रल बैंक ऑफ़ इंडिया में असिस्टेंट मैनेजर है।

शिवपुरी के युवा सारांश गुप्ता की इस सफलता पर वैश्य महासम्मेल शिवपुरी के पदाधिकारियों ने शॉल ओढ़ाकर व माला पहनाकर मिठाई खिलाई और सम्मान किया व उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। इस मौके पर वैश्य महासम्मेलन के प्रदेश महामंत्री भरत अग्रवाल, सम्भागीय अध्यक्ष देवेन्द्र जैन खतौरा, युवा इकाई सम्भागीय प्रभारी दुर्गेश गुप्ता , सम्भागीय मीडिया प्रभारी रंजीत गुप्ता , जिला अध्यक्ष सिंघई अजित जैन, कार्यकारी जिलाध्यक्ष राजेन्द्र गुप्ता,वरिष्ठ उपाध्यक्ष रमन अग्रवाल, शिवशंकर सेठ, पत्रकार आरती जैन सहित वैश्य बंधु आदि उपस्थित थे।

घर पर रहकर ही की थी तैयारी-

खास बात यह है कि सारांश गुप्ता ने अपनी पढ़ाई घर में रहकर ही की है. उनका कहना है कि जो बच्चे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, उन्हें एकाग्र होने की जरूरत है.
सारांश कहते हैं कि उन्हें अपने परिवार से काफी सपोर्ट मिला और उन्हें पढ़ने के लिए पूरा माहौल दिया ।यही वजह है कि उन्होंने यह सफलता हासिल की है।

देश सेवा का ही रखा विकल्प-

शिवपुरी के बेहद सामान्य परिवार के सारांश गुप्ता की इस सफलता के बाद न केवल शहर वाले खुश हैं, बल्कि उनको चाहने वाले भी लगातार बधाई दे रहे हैं।

जल्द ही इंडियन इंजीनियरिंग सर्विसेज (Indian Engineering Services) में अपना पदभार संभालने वाले सारांश ने बताया कि यह उनकी पसंदीदा जॉब है। इस सफलता से पहले ही उन्हें देश और विदेश की तमाम बड़ी कंपनियां ऑफर दे चुकी हैं। सारांश कहते हैं कि उनके पास कई सारी कंपनियों के अपॉइंटमेंट लेटर आए हैं, लेकिन उनके लिए देश की सेवा करने से बेहतर दूसरा कोई विकल्प नहीं है।

शिवपुरी के सारांश गुप्ता ने महज 22 वर्ष की उम्र में संघ लोक सेवा आयोग की भारतीय यांत्रिकी सेवा में पास हुए हैं। उन्होंने सबसे कम उम्र में इस प्रतियोगी परीक्षा को पास किया है। आपको बता दें सारांश पहले ही प्रयास में यह परीक्षा पास करने में सफल हुए हैं। सारांश की देश भर में 20 वीं रेंक है. सारांश की मेट्रो मैन जैसा कुछ अनूठा कर दिखाने की इच्छा है। उन्हीं को वे अपना आदर्श मानते हैं।

JEE मेंस और एडवांस दोनों परीक्षाएं उत्तीर्ण की हैं। सारांश को BHU की पढ़ाई के दौरान ही टाटा प्रोजेक्ट से मिला 16 लाख का पैकेज ठुकराया था. 2023 में IIT सिविल इंजीनियरिंग पास की और गेट परीक्षा में भी सफलता हासिल की थी।

Leave A Reply

Your email address will not be published.

मच्छरों के बढ़ते प्रकोप से जागा प्रशासन, सांची में शुरू हुआ सघन फॉगिंग अभियान     |     शिवपुरी में 113 करोड़ का सीवर प्रोजेक्ट फेल, सिंधिया ने जताई नाराजगी     |     सेवा संकल्प अभियान के तहत भाषण प्रतियोगिता के विजेताओं को भाजपा जिला अध्यक्ष ने बांटे पुरस्कार     |     सड़क दुर्घटना 4 की मौत, एक घायल      |     हाईवे-18 के प्रतीक्षालय बने शराबियों का अड्डा     |     30 गांवों के यात्रियों का स्टेशन, लेकिन ट्रेनों का ठहराव नाममात्र     |     बंदरों के आतंक से  गांवों में दहशत, वन विभाग से पकड़ने की मांग     |     मौसमी बीमारी का बढ़ा प्रकोप, पीएचसी में रोज उमड़ रही मरीजों की भीड़     |     ओवरटेक के दौरान भिड़ीं बुलेट और स्प्लेंडर, एक चालक 5 फीट गहरी खाई में जा गिरा     |     मध्यप्रदेश में पर्यटन विकास की असीम संभावनाएं हैं – उप मुख्यमंत्री श्री राजेंद्र शुक्ल     |    

Don`t copy text!
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9425036811