सुरेन्द्र जैन धरसीवा
सिक्स लाइन बायपास निकलने के बाद लगता है जैंसे लोक निर्माण विभाग को धरसीवा चरोदा की सड़क की कोई परवाह ही नहीं तभी तो चरोदा से धरसीवा तक पूरी सड़क गड्डों में तब्दील होकर अब बारिस का पानी भरने से स्कूली छात्र छात्राओं एवं नमाजियों को भी मुसीबत की जड़ बन चुका है।

इस संबाददाता ने जब चरोदा से धरसीवा तक जर्जर सड़क के हाल देखे तो यह देख काफी आश्चर्य हुआ कि राजधानी रायपुर के सबसे नजदीक ओर ओधोगिक क्षेत्र से लगे हुए मुख्यालय की सड़कों के जब इतने बुरे हाल हैं तो प्रदेश के दूरस्थ अंचलों की स्थिति क्या होगी।
चरोदा के ग्रामीणो के मुताबिक जब से सिक्स लाइन चरोदा धरसीवा के बाहर से निकली है तब से इस पुराने हाइवे की मरम्मत की तरफ लोक निर्माण विभाग ने कभी कोई ध्यान ही नहीं दिया
सड़क के दोनो तरफ दुकाने हैं ग्रामीणो को स्कूली छात्र छात्राओं को पैदल एवं उधोगो में जाने वाले कर्मचारियों मजदूरों को दुपहिया आदि से इस बारिस के मौसम में इसी जर्जर सड़क से गुजरना पड़ता है ओर अक्सर यह स्थिति बनती है कि स्कूली बच्चे जब स्कूल जा रहे होते हैं तब अचानक कोई वाहन तेज निकल जाए तो सड़क के गड्डों का पानी उनके ऊपर आ जाता है जिससे कई बार तो ऐंसी नोबत आती है कि पैदल या दुपहिया से कोई कहीं जा रहा होता है तो कपड़ों पर गंदा पानी आने से उसे वापस घर जाना पड़ता है।

जब स्कूली बच्चे छुट्टी होने के बाद पैदल घर जा रहे थे जब वह गड्डों में पानी भरी सड़क के किनारे से जा रहे थे तभी अचानक कुछ वाहनों को आता देख थोड़ा और सड़क के किनारे हुए अन्यथा उनके ऊपर वाहनों के गुजरते वक्त जो गड्डों का पानी था उनके उपर आ जाता।ग्रामीणो ने जल्द से जल्द इस समस्या के समाधान की मांग की है
नमाजियों को दिक्कत
चरोदा में सड़क किनारे ही मस्जिद है ओर जहां मस्जिद है उसके सामने भी सड़क जर्जर है सड़क में गड्ढे नहीं बल्कि गड्डों में सड़क है जिनमे बारिस का पानी भरा रहता है मस्जिद के सामने सड़क के दूसरी तरफ मुस्लिम समाज के लोग रहते हैं जो नमाज अता करने मस्जिद जाते हैं इस दौरान उन्हें भी वाहनों के आते जाते अक्सर गड्डों का गंदा पानी उनके ऊपर आने का डर रहता है