आलेख
राजेश बादल
उनतालीस बरस पहले दो अप्रैल 1984 को हिंदुस्तान की वायुसेना के पायलट राकेश शर्मा ने अंतरिक्ष में चहलक़दमी की थी । वे इस तरह पहले भारतीय हैं जिन्होंने अंतरिक्ष से हिंदुस्तान को देखा और वहां से तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से इक़बाल के शब्दों में बयान किया था -सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा । पटियाला के लोग गर्व कर सकते हैं कि राकेश शर्मा ने वहाँ जन्म लिया था । सोवियत संघ की मदद से सोयुज टी 11 के ज़रिए यह संभव हो सका था । इसके बाद उन्हें अशोक चक्र मिला और सोवियत संघ ने अपना सम्मान हीरो ऑफ सोवियत यूनियन राकेश को प्रदान किया । अंतरिक्ष से लौटने के बाद राकेश का देश भर में अभूतपूर्व स्वागत हुआ था । मैं उन दिनों नई दुनिया,इंदौर में सह संपादक था और खजुराहो में उनका साक्षात्कार लिया था । चित्र उसी अवसर का है । अफ़सोस है कि इस ऐतिहासिक चित्र को लेने वाले वरिष्ठ साथी ओ पी अग्रवाल बीते दिनों हमें छोड़ गए ।

–लेखक देश के ख्यात वरिष्ठ पत्रकार हैं।