शरद शर्मा बेगमगंज रायसेन
नगर के महाराणा प्रताप स्थित नवीन समैया के जनरल स्टोर ,गोदाम एवं मकान में बीती रात अचानक शॉर्ट सर्किट से आग लगने से मची हड़कंप में दुकान एवं मकान मालिक नवीन समैया की धर्मपत्नी आग से झुलसी , जिन्हें भोपाल रेफर किया गया है। वहीं दूसरी मंजिल पर फंसे नवीन समैया एवं उनके 22 वर्षीय पुत्र नयन बिट्टू समैया ने खिड़की तोड़कर दुकान के आगे बने लोहे की चादर के टीन शेड पर कूदकर अपनी जान बचाई। फिर भी नवीन समैया एवं पुत्र नयन बिट्टू समैया को भी पांव चोटे आने से वो घायल हो गए लेकिन उनकी 90 वर्षीय वृद्ध माँ श्रीमती सितारा देवी पूरी तरह से सुरक्षित हैं।

आग से अनुमानित 20 लाख की हुई हानि
महाराणा प्रताप रोड स्थित नवीन समैया मकान में खुले जनरल स्टोर एवं डायपर की एजेंसी होने से वही पीछे गोदाम में रखी सामग्री में रात के अंतिम पहर अचानक शॉर्ट सर्किट से आग लग गई। जो फैलते- फैलते पूरी दुकान गोदाम एवं मकान तक पहुंची और जनरल स्टोर सहित गोदाम में रखी पूरी सामग्री व मकान को चपेट में ले लिया। दुकान व गोदाम की सामग्री , फर्नीचर एवं मकान का एक हिस्सा लकड़ी के दरवाजे -खिड़की , फर्नीचर , फ्रिज , बासिंग मशीन, एलईडी टीबी अन्य घरेलू पूरा सामान एवं पूरा किचिन भी जलकर खाक होने से करीब 20 लाख की हानि होना बताया गया है। जबकि किचिन में रखे गैस सिलेंडर को सूझबूझ से निकालकर नीचे सड़क पर फेंक दिया था। जिससे बड़ी अनहोनी होने से बच गई।

घटना का तब पता चला जब नवीन समैया की धर्मपत्नी मनीषा जूली समैया की सुबह करीब 5 .30 बजे घर में धुंआ भरने से नींद खुल गई । जब उन्होंने धुआं उठते और दुकान में आग की लपटे उठती हुई देखी तो उन्होंने सहायता के लिए चीखपुकार मचाते हुए बचाओ -बचाओ की पुकार लगाना शुरू कर दिया।
उनके पड़ोसी पूर्व सरकारी अधिवक्ता बद्री विशाल गुप्ता की पत्नी श्रीमती रानी गुप्ता सुबह घूम कर घर वापस लौट रही थी तो उन्होंने पड़ोसन मनीषा समैया की चीखपुकार सुनकर अपने पति बद्री विशाल गुप्ता को उठाया ।
जिन्होंने थाना प्रभारी सहित फायर ब्रिगेड को सूचना देकर मौके पर बुलवाया । तब तक आग भीषण रूप धारण कर चुकी थी और दुकान , गोदाम एवं मकान को चपेट में ले चुकी थी। जिससे सभी सामान जलकर खाक हो चुका था।

आग इतनी भीषण थी कि 6 फायर ब्रिगेड का पानी डालने एवं नगरपालिकाकर्मियों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका लेकिन तब तक दुकान एवं गोदाम में रखे खिलौने , प्लास्टिक की घरेलू सामग्री , राखी एवं महिलाओं के उपयोग की सामग्री सहित डायपर का भारी स्टॉक जलकर खाक हो चुका था।
अग्निकांड की आपाधापी में नवीन समैया की पत्नी मनीषा जुली समैया घबराकर गिरकर बेहोश हो गई और आग की चपेट में आने से बुरी तरह झुलस गई। जिन्हें तत्काल सिविल अस्पताल लाया गया लेकिन उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें भोपाल रेफर कर दिया है। जबकि नवीन समैया एवं पुत्र नयन बिट्टू को चोटें आने से उनका उपचार यही किया जा रहा है