बर्तन बाजार में तांबा-कांसा की रही ज्यादा मांग, सोना-चांदी की दुकानों पर लगी ग्राहकों की कतार; हाईवे-18 पर दिनभर जाम जैसे हालात
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
धनतेरस के पर्व पर शुक्रवार को दीवानगंज सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के बाजारों में दिनभर रौनक छाई रही। सुबह से ही खरीदारी का सिलसिला शुरू हो गया, जो देर शाम तक जारी रहा। शुभ मुहूर्त में बर्तन, सोना-चांदी, पूजा सामग्री और घरेलू सामान खरीदने के लिए हजारों की संख्या में लोग बाजार पहुंचे। भवानी चौक दीवानगंज, बेरखेड़ी चौराहा, बालमपुर और सलामतपुर के बाजारों में ग्राहकों की भारी भीड़ देखने को मिली। इस बार खास बात यह रही कि स्टील के बर्तनों के साथ पारंपरिक धातुओं से बने तांबा और कांसे के बर्तनों की मांग अधिक रही।
धनतेरस पर बर्तन खरीदने की परंपरा के चलते दुकानों पर सुबह से ही ग्राहकों की भीड़ जुटने लगी थी। लोग अपनी जरूरत और बजट के अनुसार लोटा, थाली, कटोरी, कलश, दीपक, घंटी, फूलदानी सहित विभिन्न प्रकार के बर्तनों की खरीदारी करते नजर आए। वहीं, सोना-चांदी की दुकानों पर भी दिनभर ग्राहकों की कतार लगी रही। त्योहार को देखते हुए दुकानदारों ने पहले से ही पर्याप्त स्टॉक जमा कर लिया था।

तांबा-कांसे के बर्तनों की रही विशेष मांग
भवानी चौक के पास बर्तन दुकान संचालक हरपाल धाकड़, मंटू खंडेलवाल और महेश साहू ने बताया कि इस बार धनतेरस को लेकर विशेष तैयारियां की गई थीं। ग्राहकों के बजट को ध्यान में रखते हुए पूजा सामग्री से लेकर पीतल, कांसे और अन्य धातुओं के बर्तनों की विभिन्न रेंज रखी गई थी। दुकानदारों के अनुसार पीतल के बर्तनों का भाव करीब 800 रुपए प्रति किलो और कांसे के बर्तनों का भाव 1000 से 1300 रुपए प्रति किलो तक रहा। इस बार तांबा और कांसे के बर्तनों को लेकर ग्राहकों में विशेष उत्साह दिखाई दिया।

हाईवे-18 पर देर शाम तक रही वाहनों की आवाजाही
धनतेरस पर बाजारों में उमड़ी भीड़ का असर भोपाल-विदिशा हाईवे-18 पर भी दिखाई दिया। बेरखेड़ी चौराहा, दीवानगंज और आसपास के बाजारों में खरीदारी करने पहुंचे लोगों के वाहनों के कारण हाईवे पर दिनभर यातायात का दबाव बना रहा। कई स्थानों पर वाहन धीमी गति से निकलते नजर आए और जाम जैसी स्थिति बनी रही। देर शाम तक बाजारों में ग्राहकों की भीड़ कम नहीं हुई। धनतेरस पर बाजारों में लौटी रौनक से व्यापारियों के चेहरे भी खिले नजर आए।