हाट बाजारों में उमड़ी भीड़, कुम्हारों को बैठकी शुल्क से मिलेगी छूट, बाजार में भारी वाहनों की एंट्री पर प्रतिबंध
कलेक्टर ने मिट्टी के दीपक बेचने वाले स्थानीय कुम्हारों को बाजार शुल्क और तहबाजारी से दी राहत
बालमपुर में खूब बिके दीपक और लक्ष्मी प्रतिमाएं; यातायात व्यवस्था संभालने पुलिस करेगी गश्त
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
दीपावली से पहले बालमपुर के हैाटबाजार और दीवानगंज सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के बाजारों में हजारों लोगों की भीड़ उमड़ी। सुबह से देर शाम तक बाजारों में जमकर खरीदारी हुई। भवानी चौक दीवानगंज, बेरखेड़ी चौराहा, बालमपुर और सलामतपुर के बाजारों में दिनभर रौनक बनी रही। बालमपुर में मिट्टी के दीपक और लक्ष्मी-गणेश की प्रतिमाओं की जमकर बिक्री हुई। वहीं, त्योहार पर बाजारों में बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने स्थानीय कुम्हारों को बैठकी और तहबाजारी शुल्क से छूट देने के आदेश जारी किए हैं। दूसरी ओर, रविवार को दीवानगंज के हाट बाजार में बड़े और भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध रहेगा। नियम तोड़कर बाजार में वाहन ले जाने वालों से जुर्माना वसूला जाएगा।

कलेक्टर ने कुम्हारों को दी बड़ी राहत, नहीं देना होगा बैठकी शुल्क
दीपावली पर स्थानीय कुम्हारों और माटीकला शिल्पियों को राहत देने के लिए कलेक्टर रोहित सिसोनिया ने आदेश जारी किया है। इसके तहत स्वयं मिट्टी के दीपक बनाकर बेचने वाले स्थानीय कुम्हारों से अस्थायी विक्रय स्थल के लिए किसी भी प्रकार का बाजार शुल्क, बैठकी या तहबाजारी शुल्क नहीं लिया जाएगा। नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों के हाट-बाजारों में नगर पालिका, नगर परिषद और ग्राम पंचायतों को ऐसे कुम्हारों के लिए प्राथमिकता से सुविधाजनक स्थान उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह छूट केवल स्वयं मिट्टी के दीपक बनाने वाले स्थानीय शिल्पियों के अस्थायी फड़ और दुकानों पर लागू होगी। थोक व्यापारियों और स्थायी दुकानदारों को इसका लाभ नहीं मिलेगा। कलेक्टर ने एसडीएम, तहसीलदार, थाना प्रभारियों और स्थानीय निकायों के प्रमुखों को आदेश का पालन कराने और निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं।
अब देखना होगा, आदेश का कितना होगा पालन
प्रशासन के आदेश के बाद अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि दीवानगंज सहित आसपास के बाजारों में मिट्टी के दीपक बेचने वाले स्थानीय कुम्हारों से वास्तव में बैठकी और तहबाजारी शुल्क नहीं लिया जाता है या फिर आदेश के बावजूद उनसे वसूली जारी रहती है। दीपावली के अवसर पर अपने हाथों से मिट्टी के दीपक बनाकर बेचने वाले कुम्हारों को राहत देने के लिए जारी आदेश का जमीनी स्तर पर कितना पालन होता है, इस पर सभी की नजर रहेगी।
बालमपुर में मिट्टी के दीपक और लक्ष्मी प्रतिमाओं की खूब हुई बिक्री
बालमपुर के हाट बाजार में मिट्टी के दीपक, लक्ष्मी-गणेश की प्रतिमाएं और पूजन सामग्री खरीदने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे। स्थानीय कुम्हारों ने बाजार में तरह-तरह के दीपक और मिट्टी के सजावटी सामान की दुकानें लगाईं। वहीं, दीवानगंज सहित आसपास के बाजारों में बर्तन, सोना-चांदी और इलेक्ट्रॉनिक सामान की दुकानों पर भी ग्राहकों की भीड़ रही। त्योहार पर अच्छी बिक्री होने से व्यापारियों और छोटे दुकानदारों के चेहरे खिले नजर आए।
दीवानगंज हाट बाजार में भारी वाहनों की एंट्री पर रोक
दीवानगंज के हाट बाजार में भीड़ और यातायात व्यवस्था को देखते हुए ग्राम पंचायत ने बड़े और भारी वाहनों के बाजार के अंदर से निकलने पर प्रतिबंध लगाया है। सरपंच गिरजेश नायक ने बताया कि बाजार में प्रत्येक दुकानदार को व्यापार के लिए उचित स्थान उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि खरीदारी करने आने वाले लोगों को परेशानी न हो। यदि कोई बड़ा या भारी वाहन प्रतिबंध के बावजूद बाजार के अंदर से निकलता है तो उससे जुर्माना वसूला जाएगा।
दीवानगंज चौकी प्रभारी सुनील शर्मा अपनी पुलिस टीम के साथ बाजार क्षेत्र में गश्त करेंगे। पुलिस यातायात व्यवस्था पर नजर रखेगी, ताकि त्योहार के दौरान बाजार में भीड़ के कारण जाम की स्थिति न बने और लोगों को सुरक्षित खरीदारी करने में परेशानी न हो। पटाखे की दुकान के लिए प्राइमरी कन्या शाला दीवानगंज में व्यवस्था की गई है।
हाईवे-18 पर दिनभर रहा वाहनों का दबाव
धनतेरस पर बाजारों में उमड़ी भीड़ का असर भोपाल-विदिशा हाईवे-18 पर भी दिखाई दिया। बेरखेड़ी चौराहा, बालमपुर, दीवानगंज और सलामतपुर में खरीदारी के लिए पहुंचे लोगों के वाहनों के कारण हाईवे पर दिनभर यातायात का दबाव बना रहा। कई स्थानों पर वाहन धीमी गति से निकलते नजर आए और जाम जैसे हालात बने रहे। देर शाम तक बाजारों में ग्राहकों की आवाजाही जारी रही।