भोपाल से सलामतपुर तक करीब 40 किमी सड़क बदहाल, गहरे गड्ढों में फंस रहे दोपहिया वाहन; बारिश के बाद फिर उभरे गड्ढे, मिट्टी से भरने की कवायद पर उठे सवाल
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
भोपाल-विदिशा हाईवे-18 पर इन दिनों सड़क पर गड्ढे ही गड्ढे नजर आ रहे हैं। भोपाल से लेकर सलामतपुर चौराहे तक करीब 40 किलोमीटर लंबे मार्ग पर जगह-जगह छोटे-बड़े और कई स्थानों पर काफी गहरे गड्ढे हो गए हैं। हालत यह है कि कई गड्ढों में मोटरसाइकिल का पहिया धंस जाने से वाहन चालक का संतुलन बिगड़ जाता है और हादसे का खतरा बना रहता है।
यह मार्ग भोपाल से विदिशा और आगे सागर की ओर जाने वाले हजारों छोटे-बड़े वाहनों के लिए महत्वपूर्ण है। दिन-रात लगातार बढ़ते यातायात के बावजूद सड़क की हालत दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है। सबसे ज्यादा परेशानी दोपहिया वाहन चालकों को हो रही है। बारिश के बाद गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा भी नहीं लग पाता और वाहन चालक अचानक गड्ढे में गिरकर अनियंत्रित हो जाते हैं।

दो दिन की बारिश में फिर उभर आए गड्ढे
स्थानीय लोगों के अनुसार एमपीआरडीसी द्वारा कुछ दिन पहले सड़क के गहरे गड्ढों को भरने का काम किया गया था, लेकिन दो दिन की बारिश के बाद कई स्थानों पर गड्ढे फिर उभर आए और उनमें पानी भर गया। अब एक दिन पहले दोबारा इन गड्ढों को मिट्टी से भरने का काम शुरू किया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि मिट्टी डालकर गड्ढे भरने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। बारिश के दौरान मिट्टी बह जाने के बाद सड़क फिर उसी स्थिति में पहुंच सकती है।
रात में सबसे ज्यादा खतरा
हाईवे पर रात के समय दुर्घटना का खतरा और बढ़ जाता है। अंधेरे में सड़क पर मौजूद गहरे गड्ढे दिखाई नहीं देने के कारण वाहन चालक अचानक ब्रेक लगाते हैं या उन्हें बचाने के लिए वाहन दूसरी दिशा में मोड़ देते हैं। इस दौरान दोपहिया और चारपहिया वाहन आपस में टकराने की स्थिति भी बन रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले एक-दो महीनों से इस मार्ग पर लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं।
गड्ढे बचाने के चक्कर में भिड़ रहे वाहन
हाईवे पर कई जगह गड्ढों की स्थिति ऐसी है कि वाहन चालकों को उन्हें बचाने के लिए सड़क के दूसरे हिस्से में जाना पड़ता है। सामने से आने वाले वाहन के साथ अचानक टक्कर का खतरा पैदा हो जाता है। विशेषकर मोटरसाइकिल सवारों के लिए स्थिति बेहद खतरनाक बनी हुई है। गहरे गड्ढे में पहिया पहुंचने पर चालक सड़क पर गिरकर घायल हो सकता है और गंभीर दुर्घटना की स्थिति में जान भी जा सकती है।

टोल वसूली के बावजूद सड़क की बदहाली पर सवाल
भदभदा क्षेत्र में टोल टैक्स भी स्थापित है, जहां कमर्शियल वाहनों से शुल्क वसूला जा रहा है। इसके बावजूद हाईवे की नियमित देखरेख और गड्ढों की मरम्मत को लेकर सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग से रोजाना जिम्मेदार विभागों के अधिकारियों और अन्य आला अधिकारियों का भी आना-जाना लगा रहता है, लेकिन इसके बावजूद सड़क की बदहाल स्थिति लंबे समय से बनी हुई है।
वहीं सलामतपुर चौराहे से विदिशा की ओर हाईवे-146 का नया मार्ग तैयार हो चुका है, जबकि सलामतपुर से भोपाल के बीच हाईवे-18 की हालत लगातार खराब होती जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि जब तक फोरलेन निर्माण शुरू नहीं होता, तब तक मौजूदा सड़क की मजबूती से मरम्मत बेहद जरूरी है। हजारों वाहनों की आवाजाही वाले इस मार्ग पर गड्ढों की तत्काल मरम्मत नहीं हुई तो आने वाले दिनों में बारिश के दौरान हादसों का खतरा और बढ़ सकता है।