-185 दिन तक गांव में ही मिलेगा रोजगार, भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस
– इंदौर भागीरथपुरा की घटना को बताया दुर्भाग्य पूर्ण,लेकिन कहा यह एक घटना,लापरवाही पर दी क्लीन चिट
रायसेन। रायसेन जिले के प्रभारी मंत्री एवं मध्यप्रदेश शासन में मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास विभाग के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री नारायण सिंह पवार ने सोमवार को भाजपा जिला कार्यालय रायसेन में विकसित भारत–गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) अर्थात वीबी-जी रामजी योजना को लेकर आयोजित पत्रकार-वार्ता को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि यह योजना गांवों की तस्वीर और तकदीर बदलने का काम करेगी तथा ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आजीविका के स्थायी स्रोत विकसित करेगी।
इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से हुई मौतों को लेकर प्रभारी मंत्री ने कहा यह दुर्भाग्य पूर्ण घटना हे। लेकिन यह लापरवाही न होकर एक परिस्थिति जन्य घटना हे। रायसेन में भी नगरपालिका द्वारा बनाई जा रही फुटपाथ पर दुकानों के मामले में प्रभारी मंत्री साफ पल्ला झाड़ते नजर आए। उन्होंने कहा यह अब देखने का काम विधायक प्रभुराम जी का हे।हालांकि पत्रकारों द्वारा सवाल उठाए जाने पर विधायक डॉ चौधरी ने भी दुकानों के गलत निर्माण पर कहा था गलत हो रहा हे।
पत्रकार-वार्ता की अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष श्री राकेश शर्मा ने की। इस अवसर पर प्रदेश उपाध्यक्ष एवं सांची विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी, पूर्व कैबिनेट मंत्री श्री रामपाल सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री यशवंत मीणा, नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि श्री जमुना सेन, जिला उपाध्यक्ष श्री राकेश तोमर, जिला मीडिया प्रभारी श्री हरि साहू, मीडिया विभाग से श्री सी.एल. गौर, जिला कार्यालय मंत्री श्री जीतू ठाकुर सहित बड़ी संख्या में प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकार उपस्थित रहे।
–गांव में ही 185 दिन का रोजगार सुनिश्चित
प्रभारी मंत्री श्री पवार ने बताया कि वीबी-जी रामजी योजना के अंतर्गत मजदूरों को 125 दिन का सुनिश्चित रोजगार मिलेगा। इसके साथ ही खेती की बुवाई एवं कटाई के समय 60 दिन अतिरिक्त कृषि मजदूरी का अवसर भी मिलेगा। इस तरह ग्रामीण मजदूरों को कुल 185 दिन रोजगार गांव में ही प्राप्त होगा, जिससे पलायन पर प्रभावी रोक लगेगी। उन्होंने कहा कि योजना का उद्देश्य केवल मजदूरी देना नहीं, बल्कि गांवों में स्थायी आजीविका के साधन विकसित करना है। ग्राम पंचायतें गांवों की आवश्यकता और विकास के अनुरूप योजनाएं बनाकर कार्य करेंगी।
–भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस, डिजिटल निगरानी
श्री पवार ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में यह योजना जीरो टॉलरेंस नीति पर आधारित है। मजदूरों की उपस्थिति से लेकर भुगतान तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल निगरानी के माध्यम से होगी, जिससे भ्रष्टाचार की कोई गुंजाइश नहीं रहेगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी महात्मा गांधी के विचारों को धरातल पर उतारते हुए ग्रामीण भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य कर रहे हैं।
–ग्रामीण विकास में क्रांतिकारी बदलाव
प्रभारी मंत्री ने कहा कि वीबी-जी रामजी योजना ग्रामीण विकास में क्रांति लाएगी। यदि किसी कारणवश रोजगार उपलब्ध नहीं हो पाता है तो मजदूरी भत्ते का भी प्रावधान किया गया है। नई व्यवस्था में ग्राम पंचायतों को परिवार पंजीयन एवं रोजगार गारंटी का अधिकार दिया गया है, जिससे योजनाओं का लाभ सीधे जरूरतमंदों तक पहुंचेगा। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार 60 प्रतिशत और राज्य सरकार 40 प्रतिशत राशि वहन करेगी। मजदूरी दरों में महंगाई सूचकांक के अनुसार वृद्धि की व्यवस्था भी की गई है।
–ग्रामीण रोजगार नीति में ऐतिहासिक परिवर्तन
श्री पवार ने कहा कि यह अधिनियम ग्रामीण रोजगार नीति में एक ऐतिहासिक बदलाव है। इसके अंतर्गत मजदूरी रोजगार की वैधानिक गारंटी 100 दिनों से बढ़ाकर 125 दिन कर दी गई है। यह योजना सशक्तिकरण, समावेशी विकास और संसाधनों के पूर्ण उपयोग के सिद्धांतों पर आधारित है, जिससे ग्रामीण परिवारों की आय सुरक्षा मजबूत होगी।
–कांग्रेस पर साधा निशाना
प्रभारी मंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ राजनीतिक दल योजना के नाम को लेकर भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि योजना पूरी तरह पारदर्शी और मजदूर हितैषी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासन में योजनाएं सिर्फ नामकरण और प्रचार तक सीमित रहीं, जबकि भाजपा सरकार योजनाओं को धरातल पर उतारकर आमजन को वास्तविक लाभ पहुंचा रही है। यही कारण है कि देश में विकास स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।