भूमाफिया नहीं छोड़ रहे श्मशान की भूमि, एसडीएम तहसीलदार को आवेदन देने के बाद भी नहीं हो सकी कार्यवाहीं
देवेंद्र तिवारी सांची रायसेन
वैसे तो सरकार एवं प्रशासन मनुष्य के संसार से मुक्ति पाने के बाद श्मशान कब्रिस्तान जैसे स्थल को सुरक्षित रखने की दंभ भरते दिखाई दे जाते हैं बावजूद इसके दबंग लोग इन भूमि पर भी कब्जा करने में पीछे नहीं दिखाई देते हैं । प्रशासन को शिकायत के बाद भी कार्यवाही न होना कहीं न कहीं प्रशासन दबंग लोगों के सामने नतमस्तक होकर रह जाता है ऐसा ही मामला नगर से लगभग चार किमी दूर स्थित ग्राम बिलोरी में सामने आया है।
वैसे तो कहा जाता है कि मनुष्य जन्म भूमि पर लेता है तथा इस संसार से मुक्ति पाते ही उसके अंतिम संस्कार एवं दफनाने के लिए सरकार श्मशान एवं कब्रिस्तान के लिए भूमि उपलब्ध करा देती है जिससे मनुष्य का अंतिम संस्कार हो सके तथा समय-समय पर शासन प्रशासन श्मशान कब्रिस्तान पर अतिक्रमण रोकने सक्रिय बना रहता है बावजूद इसके अतिक्रमण कारियों के हौसले इतने बुलंद हो जाते हैं कि शासन प्रशासन के नियमों को भी ताक पर रख देते हैं तथा अपने रसूख के चलते ऐसे स्थानों पर भी कब्जा जमा बैठते हैं जिससे लोगों को अंतिम संस्कार करने में भी परेशान होना पड़ता है ऐसा ही मामला इस स्थल से लगभग चार किमी दूर स्थित ग्राम बिलोरी के श्मशान का सामने आया है गांव बसते ही लोगों के संस्कार के लिए भूमि नियत की गई थी परन्तु श्मशान की भूमि पर भी गांव के ही रसूख दार कब्जा जमा बैठे इस मामले से नाराज़ ग्रामीणों ने अतिरिक्त तहसीलदार एवं एसडीएम को 28 म ई को आवेदन देकर श्मशान भूमि रिक्त करने की मांग की थी तब प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस बल की मौजूदगी में ही श्मशान की भूमि अतिक्रमण मुक्त कर सीमांकन करा दिया था परन्तु कुछ दिन श्मशान भूमि अतिक्रमण मुक्त रही परन्तु यह भूमि रसूखदारों की नजर पर चढ़ चुकी थी मौका पाते ही पुनः श्मशान भूमि अतिक्रमण की भेंट चढ़ गई तथा पुनः ग्रामीणों की परेशानी बन गई इस दौरान 2 जून को पुनः ग्रामीणों ने अतिरिक्त तहसीलदार को आवेदन देकर स्थिति से अवगत कराया तथा रसूखदारों पर कड़ी कार्रवाई करते हुए श्मशान भूमि को रिक्त करने की मांग की । हालांकि यह मामला कलेक्टर के संज्ञान में भी लाया गया था तथा कलेक्टर ने भी निर्देश दिए कि तत्काल श्मशान भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया जाये बावजूद इसके रसूखदारों के रसूख के आगे तीन हफ्ते गुजरने के बाद भी श्मशान भूमि अतिक्रमण कारियों से मुक्त नहीं कराई जा सकी इस मामले में ग्रामीणों ने बताया कि हमनें इस अतिक्रमण की जानकारी स्वास्थ्य मंत्री डॉ प्रभूराम चौधरी को भी दी थी तब उन्होंने भी प्रशासन को निर्देश दिए कि श्मशान भूमि तत्काल अतिक्रमण मुक्त कराई जाये परन्तु आज तक अतिक्रमण कारियों से भूमि मुक्त नहीं कराई जा सकी जिससे ग्रामीणों को खासी परेशानी उठानी पड़ रही है तथा श्मशान पहुंच मार्ग भी बन्द कर दिया गया है आवेदन देने वालों में प्रमुख रूप से सरदार सिंह पुत्र बाबूलाल राजीव पुत्र मलखान सिंह शामिल हैं।