इंदौर। इंदौर के जवाहर मार्ग पर हिंदू परिवार की महिलाओं और बच्ची से मारपीट करने के आरोप में एक अन्य मुस्लिम युवक को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने मुख्य आरोपित को शुक्रवार को ही पकड़ लिया था। आरोपितों को प्राणघातक हमले के आरोप में जेल भेज दिया है। मामले में विधायक और हिंदू संगठन के पदाधिकारियों ने नाराजगी जताई थी।
जगजीवनराम नगर (रावजी बाजार) निवासी शिपिका वर्मा, नेहा वर्मा और सचिन वर्मा पर आरोपित अलताफ ने हमला कर दिया था। अलताफ की बैनर बनाने की दुकान है। सात वर्षीय बच्ची तनवी ने उसके बैनर पर पैर रख दिया था। पुलिस ने अलताफ पुत्र नूर मोहम्मद निवासी बंबई बाजार को शुक्रवार शाम को ही गिरफ्तार कर लिया था। एसीपी एसकेएस तोमर के मुताबिक, सीसीटीवी फुटेज के आधार पर देर रात पुलिस ने एक अन्य आरोपित आसिफ पुत्र यूसुफ निवासी छत्रीपुरा को भी गिरफ्तार कर लिया। एसीपी के मुताबिक, वीडियो फुटेज में आसिफ हाथ में डंडा लेकर मारपीट करते दिख रहा है। पुलिस ने दोनों आरोपितों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
‘लापता’ पुलिसवालों की जांच करेंगे एसीपी
घटनाक्रम बंबई बाजार पुलिस चौकी के सामने हुआ था। चौकी पर पंढरीनाथ थाने के पुलिसकर्मियों की ड्यूटी रहती है। मारपीट के बाद भी पुलिसकर्मी मौके पर नहीं आए। भाजपा विधायक आकाश विजयवर्गीय ने इस पर आपत्ति ली और कहा कि चौकी के पुलिसकर्मी लापता थे। जोन-4 के डीसीपी राजेश कुमारसिंह ने इस मामले में जांच बैठा दी है। डीसीपी के मुताबिक, सराफा एसीपी एसकेएस तोमर को जांच के आदेश दिए हैं। जो पुलिसकर्मी ड्यूटी पर थे उन्होंने सफाई दी कि वे मोहनपुरा स्थित मंदिर गए थे। इस मंदिर में पिछले सप्ताह मुस्लिम युवकों ने तोड़फोड़ कर दी थी।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.