नौ दिन तक पंडों ने रखा उपवास, विधि-विधान से पूजन के बाद निकाली जवारा यात्रा
महिलाओं ने सिर पर खप्पर रखकर खेले भाव, जगह-जगह हुए हवन-पूजन
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
शारदीय नवरात्र के समापन पर ग्राम अंबाडी में आस्था और भक्ति का अद्भुत नाजरा देखने को मिला। नौ दिनों तक माता रानी की सेवा, पूजा-अर्चना और भजन-कीर्तन के बाद नवमी पर गाजे-बाजे और ढोल-नगाड़ों के साथ ज्वारे यात्रा निकाली गई। माता रानी के जयकारों से गांव का वातावरण भक्तिमय हो गया। जवारा यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाएं, पुरुष और श्रद्धालु शामिल हुए। इस दौरान महिलाओं ने माता के भजन गाते हुए यात्रा में भाग लिया, वहीं कई महिलाओं ने सिर पर खप्पर रखकर भाव खेले और अपनी श्रद्धा प्रकट की।
नवरात्र के प्रथम दिन से ही माता रानी के दरबार में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। गांव में जवारे बोए गए थे, जिनकी पंडों ने नौ दिनों तक उपवास रखकर विधि-विधान से सेवा-पूजा की। नवरात्र के दौरान प्रतिदिन माता की आराधना, भजन-कीर्तन और धार्मिक आयोजन किए गए। नवमी पर मां आदिशक्ति के नौवें स्वरूप मां सिद्धिदात्री का विधि-विधान से पूजन किया गया। अंबाडी सरपंच कुंती रमेश कुमार अहिरवार और हरिओम साहू द्वारा स्वागत किया गया।

इसके बाद शाम करीब पांच बजे अंबाडी के प्रमुख मार्गों से ढोल-नगाड़ों और बैंड-बाजों के साथ जवारा यात्रा निकाली गई। यात्रा के दौरान श्रद्धालु माता रानी के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। गांव के मुख्य मार्गों से गुजरने के बाद जवारों का विधि-विधान से विसर्जन किया गया।
मंदिरों में सुबह से हुए हवन-पूजन
नवमी के अवसर पर क्षेत्र के विभिन्न देवी मंदिरों में सुबह से ही धार्मिक अनुष्ठानों का दौर चलता रहा। खेड़ापति हनुमान-माता मंदिर, राम-जानकी मंदिर, इच्छापूर्ति हनुमान मंदिर, पुराने गुरुद्वारा मंदिर, गुफा मंदिर, ग्वाल चमेली मंदिर, गुसाई मोहल्ला स्थित मंदिर, अयोध्या धाम मंदिर, गणेश मंदिर और शिव-पार्वती मंदिर सहित अंबाडी व सेमरा के रेलवे स्टेशन मंदिर में श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना और हवन किया। मंदिरों में माता रानी के दर्शन के लिए भक्त पहुंचे। नवरात्र के नौ दिन पूरे होने पर श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा की आराधना कर परिवार और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। जवारे विसर्जन के साथ ही नौ दिवसीय नवरात्र पर्व का समापन भक्तिमय माहौल में हुआ।