दीवानगंज सहित 40 से अधिक गांवों में मनाया गया भाई-बहन के अटूट प्रेम का पर्व, बहनों ने भाइयों की कलाई पर बांधी राखी
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
दीवानगंज, अंबाडी , सेमरा, सहित सांची विकासखंड के आसपास के 40 से अधिक गांवों में शुक्रवार को रक्षाबंधन का पर्व बड़े हर्षोल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया। सुबह से ही घर-घर में पर्व की रौनक दिखाई दी। बहनों ने विधि-विधान से भाइयों का तिलक कर उनकी कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा और भाई की लंबी उम्र, सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। वहीं भाइयों ने भी बहनों को जीवनभर उनकी रक्षा करने का वचन देते हुए उपहार भेंट किए।
दीवानगंज के साथ अंबाडी, सेमरा, बालमपुर, देहरी, सत्ती, बांसिया, पिपरई, मुनारा, हिनोतिया, केमखेड़ी, महुआखेड़ा, भंवरखेड़ी, जमुनिया, निनोद, बरजोरपुर, नरखेड़ा, सरार, कायमपुर, संग्रामपुर और कुलहड़िया सहित आसपास के ग्रामीण अंचलों में रक्षाबंधन को लेकर विशेष उत्साह नजर आया। सुबह से ही बहनों के भाई के घर पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। कई घरों में भाई अपनी बहनों के स्वागत की तैयारियों में जुटे नजर आए।

राखी के साथ उपहारों की भी रही धूम
रक्षाबंधन को लेकर बाजारों में भी काफी चहल-पहल रही। बहनों ने भाइयों की पसंद के अनुसार राखी, मिठाई और उपहार खरीदे। वहीं भाइयों ने भी बहनों को कपड़े, आभूषण, मिठाई सहित अन्य उपहार देकर पर्व की खुशियां साझा कीं। ग्रामीण क्षेत्रों में कई परिवारों में दूर-दराज से बहनें अपने मायके पहुंचीं, जिससे घरों में लंबे समय बाद पारिवारिक मिलन का माहौल देखने को मिला।
दूर रहने वाले भाई-बहनों ने संदेश और वीडियो कॉल से मनाया पर्व
नौकरी, पढ़ाई और अन्य कामकाज के कारण जो भाई-बहन एक-दूसरे के पास नहीं पहुंच सके, उन्होंने मोबाइल फोन, वीडियो कॉल और संदेशों के जरिए रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। सोशल मीडिया पर भी भाई-बहनों ने एक-दूसरे के साथ तस्वीरें साझा कर पर्व की खुशियां बांटीं।
रक्षाबंधन केवल राखी बांधने का त्योहार नहीं, बल्कि भाई-बहन के बीच प्रेम, विश्वास और अपनत्व को मजबूत करने का अवसर भी है। छोटी-छोटी नोंकझोंक के बावजूद भाई-बहन का रिश्ता जीवनभर अटूट बना रहता है। इसी प्रेम और विश्वास के प्रतीक रक्षाबंधन पर्व ने दीवानगंज सहित आसपास के ग्रामीण अंचलों में खुशियों का माहौल बना दिया।