बालमपुर से नर्मदा जल लेकर पैदल लौट रहे युवा, सोमवार को शिवलिंग पर करेंगे जलाभिषेक; हाईवे-18 पर रोजाना नजर आ रहे कांवड़िए
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
सावन का महीना जैसे-जैसे आगे बढ़ रहा है, वैसे-वैसे क्षेत्र में भगवान भोलेनाथ के भक्तों का उत्साह भी दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है। गांव-गांव से युवा कांवड़ लेकर विभिन्न तीर्थस्थलों के लिए निकल रहे हैं। इसी क्रम में बालमपुर से करीब 120 युवाओं की टोली नर्मदा घाट से कांवड़ में पवित्र जल भरने के लिए रवाना हुई।
नर्मदा घाट पहुंचकर युवाओं ने कांवड़ में जल भरा और इसके बाद पैदल यात्रा शुरू की। ढोल-नगाड़ों की थाप पर नाचते-गाते और बोल बम के जयकारों के साथ कांवड़िए बालमपुर की ओर लौट रहे हैं। भोलेनाथ के भक्तों ने बताया गया कि कांवड़ यात्रा सोमवार को बालमपुर पहुंचेगी, जहां भगवान शिव का नर्मदा जल से जलाभिषेक करने के बाद यात्रा का समापन किया जाएगा।

हाईवे-18 पर दिख रहा भक्ति का अलग रंग
सावन में भोलेनाथ की भक्ति का असर भोपाल-विदिशा हाईवे-18 पर भी साफ दिखाई दे रहा है। रोजाना बड़ी संख्या में कांवड़िए कंधे पर कांवड़ रखकर पैदल जाते नजर आ रहे हैं। कोई कुबरेश्वर धाम, कोई उज्जैन महाकाल, तो कोई भोजपुर शिव मंदिर में जलाभिषेक करने के लिए यात्रा कर रहा है।
दीवानगंज, बालमपुर, अंबाडी, सेमरा सहित आसपास के कई गांवों से आने वाले दिनों में भी युवा और श्रद्धालु कांवड़ यात्राओं पर निकलेंगे। श्रद्धालु नर्मदा घाट, उज्जैन की शिप्रा नदी और अन्य पवित्र तीर्थस्थलों से जल भरकर अपने-अपने आराध्य भगवान शिव का जलाभिषेक करने की तैयारी में हैं।
ढोल-नगाड़ों के साथ निकल रही कांवड़ यात्रा
कांवड़ यात्राओं में युवाओं का उत्साह देखते ही बन रहा है। हाथों में भगवा ध्वज, कंधों पर सजी कांवड़ और जुबां पर ‘बम-बम भोले’ के जयकारों के साथ श्रद्धालु लंबी दूरी पैदल तय कर रहे हैं। रास्ते में जगह-जगह ग्रामीण भी कांवड़ियों का स्वागत कर रहे हैं।
सावन के चलते क्षेत्र में सुबह से लेकर देर शाम तक शिव मंदिरों में भी श्रद्धालुओं की भीड़ दिखाई दे रही है। आने वाले दिनों में कांवड़ यात्राओं की संख्या और बढ़ने की संभावना है।