Let’s travel together.

मंगोलिया से सांची लाए गए भगवान बुद्ध के शिष्यों के अस्थि कलश

0 80

• सांची स्तूप के चैत्यागिर विहार में पुनर्स्थापित किया गया

• उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार ने भोपाल एयरपोर्ट पर अस्थि कलश प्राप्त किए

देवेंद्र तिवारी सांची रायसेन

साँची के चेतियागिर विहार में रखे भगवान बुद्ध के प्रधान शिष्यों सारिपुत्त और महामोग्गलान के अस्थि कलश आज मंगोलिया से वापस साँची लाए गए जहां इसे पुनर्स्थापित कर दिया गया। अस्थि कलश को आज भोपाल एयरपोर्ट पर पूरे सम्मान के साथ प्राप्त किया गया। इस अवसर पर मध्य प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री माननीय श्री इंदर सिंह परमार, संस्कृति विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री शिव शेखर शुक्ल मौजूद रहे। सभी ने अस्थि कलश के दर्शन किए और इन्हें श्रीलंका महाबोधि सोसायटी के अध्यक्ष वेनेगल उपतिस्स नायक थेरो के साथ सम्मानपूर्वक सांची की ओर रवाना किया। जहां पर इसे पुन: पूजा अर्चना के बाद चेतियागिर विहार में ससम्मान सुरक्षित रख दिया गया।

एयरपोर्ट पर  मंत्री  इंदर सिंह परमार ने कहा कि बौद्ध धर्म, अहिंसा और शांति के संदेश के साथ चीन और भारत के आसपास के देशों में पहुंचा। उन्होंने कहा कि बुद्ध की शिक्षाओं के कारण ही भारत और दक्षिण पूर्वीय देश शांति का संदेश पूरे विश्व को दे रहे हैं।

महाबोधि सोसायटी के अध्यक्ष वेनेगल उपतिस्स नायक थेरो ने ससम्मान और पूरी सुरक्षा के साथ अस्थि कलश को मंगोलिया ले जाकर सांची वापस लाए जाने पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि बौद्ध देशों में इस कलश के दर्शन को लेकर भारी उत्सुकता है और वो भारत सरकार तथा मध्य प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त करते हैं कि इन प्रयासों से बौद्ध धर्म के अनुयायी शिष्यों सारिपुत्त और महामोग्गलान के अस्थि कलश के दर्शन कर पा रहे हैं। उन्होंने इस पूरे प्रबंधन पर मध्य प्रदेश सरकार की सराहना की। प्रदेश सरकार ने निर्णय लिया है कि इस अस्थि कलश को अन्य बौद्ध देशों में भी दर्शन के लिए ले जाया जाएगा।

यह कलश कल भारतीय वायुसेना के एक विशेष विमान के ज़रिए दिल्ली लाया गया। जहां पर इसे दर्शन के लिए राष्ट्रीय संग्रहालय में भगवान बुद्ध के पवित्र अवशेषों के साथ कल आम लोगों के दर्शन के लिए रखा गया था। मंगोलिया से अस्थि कलश को अंतरराष्ट्रीय बौद्ध संघ(आई.बी.सी) के डायरेक्टर कर्नल यश सक्सेना और राषट्रीय संग्रहालय के डायरेक्टर श्री विमल कुमार गुवाहाटी होते हुए दिल्ली लेकर पहुंचे। गुवाहाटी से लद्दाख के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना भी एयरफोर्स के इस विशेष विमान पर सवार हुए थे। अस्थि कलश की सांची से मंगोलिया और वापस सांची तक की यात्रा में पूरे समय मध्य प्रदेश संस्कृति विभाग के उप सचिव श्री राजेश गुप्ता साथ रहे।

भोपाल एयरपोर्ट पर संस्कृति विभाग के निदेशक श्री एनपी नामदेव और पूरे कार्यक्रम के लिए नोडल अफसर बनाए गए सांची विश्वविद्यालय के सहायक निदेशक विधि श्री रविंद्र सिंह ठाकुर ने समस्त व्यवस्थाएं कीं और सम्मानपूर्वक अस्थि कलश को सांची में पुनर्स्थापित करवाया।

Leave A Reply

Your email address will not be published.

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी दिल्ली में गूंजा प्रिंस गाबा का कम्यूनिकेशन मंत्र      |     सड़क पर भटकता मिला मासूम, पुलिस ने 30 मिनट में परिजनों से मिलाया     |     श्रवणबेल गोला तीर्थ यात्रा हेतु जिले के वृद्धजन 23 सितम्बर तक जमा कर सकते हैं आवेदन     |     त्योहारों को लेकर शांति समिति की बैठक हुई संपन्न     |     सांची नगर में गणेश उत्सव की  धूम, आकर्षक झांकियों के दर्शन के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़     |     गणेश विसर्जन और पितृपक्ष की तैयारियों को लेकर सेमरी नदी घाट का निरीक्षण     |     एसडीएम की पहल पर 3 वर्ष से बंद बेगमगंज -बेरखेड़ी – विदिशा मार्ग आज गुरुवार से होगा चालू      |     48 वर्षों से खोत परिवार के घर विराजमान होती हैं श्री महालक्ष्मी माता     |     उत्तम क्षमा आत्मा का स्वभाव, क्रोध पतन का कारण: मुनिश्री चंद्रसागर     |     पर्यूषण पर्व के दौरान जैन मंदिर में गूंजे मंगल मंत्र     |    

Don`t copy text!
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9425036811