सी के पारे रायसेन
कलेक्टर अरुण विश्वकर्मा को मध्य प्रदेश सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ भोपाल संभाग की जिला इकाई रायसेन द्वारा सोमवार 12 मई 2026 को समर्थन मूल्य गेहूं खरीदी वर्ष 2026-27 में आ रही गंभीर समस्याओं एवं सहकारी संस्थाओं के कर्मचारियों की लंबित मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया।
ज्ञापन सौंपने वालों में प्रदेश उपाध्यक्ष एवं जिला अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह राजपूत, कार्यवाहक अध्यक्ष भास्कर शर्मा, पूर्व अध्यक्ष ज्योति चंद नामदेव सहित बड़ी संख्या में संस्था कर्मचारी उपस्थित रहे।
प्रदेश उपाध्यक्ष वीरेंद्र कुमार राजपूत ने बताया कि समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी में संस्थाओं को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। परिवहन, लोडिंग एवं अनलोडिंग के लिए शासन द्वारा मात्र ₹5 प्रति बोरी दिए जा रहे हैं, जबकि वास्तविक खर्च करीब ₹13 प्रति बोरी आ रहा है। इससे संस्थाओं को प्रति बोरी लगभग ₹8 का सीधा घाटा उठाना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि वेयरहाउस पूरी तरह भर जाने के कारण खुले मैदानों में गेहूं खरीदी की जा रही है। खुले में खरीदी होने से गेहूं में नमी और सुखत की समस्या बढ़ रही है, जिससे संस्थाओं को अतिरिक्त नुकसान झेलना पड़ रहा है। स्लाइड बुकिंग के बावजूद हम्माली खर्च अधिक आने से भी सहकारी समितियों की आर्थिक स्थिति लगातार बिगड़ रही है।
महासंघ ने मांग की कि मध्य प्रदेश नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा खरीदी संबंधी खर्चों में तत्काल वृद्धि की जाए तथा गेहूं, चना एवं धान खरीदी का लंबित कमीशन शीघ्र जारी किया जाए।
इसके साथ ही पैक्स सहकारी संस्थाओं के कर्मचारियों की लंबित समस्याओं के निराकरण की मांग भी उठाई गई। कर्मचारियों ने कहा कि 60 प्रतिशत चयन प्रक्रिया के तहत होने वाली पदोन्नति आज तक लंबित है, जबकि इसे समय सीमा में पूरा किया जाना था। महासंघ ने जिला सहकारी केंद्रीय बैंक से शीघ्र पदोन्नति प्रक्रिया प्रारंभ करने की मांग की।
ज्ञापन में विक्रेताओं के 18 माह से लंबित 54 हजार रूपए के भुगतान को भी तत्काल जारी कराने की मांग की गई। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का जल्द निराकरण नहीं हुआ तो आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी।