– सामूहिक संपूर्ण गीता पाठ ध्वनि से गूंजयामान हुआ परिसर
उदयपुरा रायसेन ।श्री रामचरितमानस विद्यापीठ के तत्वाधान में मोक्षदा एकादशी पर्व, पर गीता जयंती महोत्सव, तहसील प्रांगण स्थित शिव हनुमान मंदिर पर उत्साह पूर्वक मनाया गया, मंच पर गीता साधक संजीवनी ग्रंथ का विधिवत पूजन, अर्चन, वैदिक विद्वान सुदामा शास्त्री, योगेश पांडे द्वारा संपन्न कराया, हरि संकीर्तन के साथ कार्यक्रम प्रारंभ हुआ, जिसमें आचार्य, वैदिक विद्वानों की उपस्थिति में संपूर्ण गीता का सर-वर ,सामूहिक,पाठ किया गया।
इस अवसर पर आयोजित गीता सत्संग सभा में बोलते हुए मानस आचार्य सुरेंद्र कुमार शास्त्री ने बताया कि गीता सर्व शास्त्रमयी है, यह वेदतत्व का निचोड़ है, इसके नित्य स्वाध्याय से संपूर्ण शास्त्रों का ज्ञान हो जाता है, मानव का कर्तव्य की वह शास्त्र निर्दिष्ट कर्तव्य कर्मों का निष्काम भाव से संपादन करते हुए, जीव, जगत एवं ईश्वर विषयक ज्ञान प्राप्त करें, और भक्ति की अनन्य निष्ठा में अपने आप को समर्पित कर दे।

व्याकरण आचार्य कोमल प्रसाद शास्त्री ने कहा कि गीता आत्मोद्धार के साथ ही लोक कल्याण का सर्वोत्तम साधन भी है , कार्यक्रम संयोजक वरिष्ठ अधिवक्ता चतुरनारायण रघुवंशी ने कार्यक्रम में पधारे विद्वान आचार्य गण का सम्मान कर पधारे हुए सत्संग प्रेमी जनों का आभार व्यक्त किया, गीता ग्रंथ की मंगल आरती में नगर के साहित्यकार कवि गोविंद गोदानी, गोपालसिंह वर्मा, जिला पंचायत प्रतिनिधि राम सिंह चंदेल, चंद्र हंस शर्मा, अजब सिंह लोधी, महेंद्र राजपूत,परमानंद मिश्रा, प्रेम नारायण शास्त्री, सत्य संकल्प द्विवेदी, राजकिशोर कौरव, वीरन सिंह पटेल, निर्भय सिंह मेहरा, डीपी पाठक, नर्मदा प्रसाद रघु, मोहन मेहरा सहित प्रबुद्ध जान्होंने भाग लेकर प्रसाद ग्रहण किया,