मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
भोपाल विदिशा हाईवे पर इन दिनों सड़क पर गड्ढे ही गड्ढे दिख रहे हैं। 40 किलोमीटर मार्ग पर सड़क कम और गड्ढे ज्यादा दिखाई दे रहे हैं। बेरखेड़ी चौराहे से लेकर बालमपुर घाटी तक 40 से ज्यादा बड़े-बड़े गड्ढे रोड में उबर आए हैं।

यहां गड्ढे छोटे नहीं है बल्कि 8 से 10 इंच गहरे हैं जिसमें बस हो या ट्रक के दोनों पाइए धस जाते है। विदिशा से सागर तक पहुंचने के लिए इसी मार्क का उपयोग किया जाता है। मगर गड्ढों ने आमजन की रहा मुश्किल कर दी है। इन गड्ढों को भरने के लिए जिम्मेदार विभाग के अधिकारियों ने अब तक कोई पहल नहीं की। जबकि हर दिन इस मार्ग से आला अधिकारियों का आना जाना लगा रहता है। भदभदा पर टोल टैक्स स्थापित है। जो कमर्शियल वाहनों से टैक्स लिया करता है इसके बाद भी सड़क की देखभाल नहीं हो रही है। सड़क की दिनोदिन हालत खराब होने लगी है। गड्ढे में अगर मोटरसाइकिल का पहिया पहुंच जाए तो वाहन चालक अनियमित होकर गिरकर घायल हो जाता है।

इन गड्ढों में रोज मोटरसाइकिल चालक गिरकर घायल हो रहे हैं पिछले 15 दिनों में ही 10 किलोमीटर मार्ग पर 15 से ज्यादा मोटरसाइकिल चालक इन गड्ढों में गिरकर घायल हो चुके हैं। गड्ढों को लेकर दीवानगंज चौकी प्रभारी सुनील शर्मा ने एमपीआरडीसी के अधिकारियों को फोन लगाकर गड्ढे भरने को कहा है।
इन गड्ढों के कारण कभी-कभी तो मोटरसाइकिल वाले व्यक्ति की दुर्घटना में मौत हो जाए करती है। ऐसे में कई बार दुर्घटना बड़ा रूप भी ले लेती है। बारिश को बीते लगभग एक महीने होने को आए अभी तक 40 किलोमीटर रोड के गड्डे एमपीआरडीसी द्वारा नहीं भरे गए हैं। जिनका जिनका खामियाजा रहागिर भुगत रहे हैं फोर व्हीलर गाड़ी हो या टू व्हीलर गाड़ी वाला हो गड्ढा बचाने के चक्कर में एक दूसरे से भिड़ जाते हैं भोपाल से लेकर सलामतपुर चौराहे तक सड़क की हालत बद बदतर हो गई है जबकि सलामतपुर से लेकर विदिशा तक नया हाईवे बन गया है लेकिन सलामतपुर से भोपाल तक हाईवे में इतने गड्ढे हो गए हैं कि फोर व्हीलर गाड़ी चलने में भी दिक्कत आ रही है जिस कारण रात के समय गाड़ी वालों को यह गहरे गड्ढे नहीं दिखते जिससे दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है।

दीवानगंज, अंबाडी ,सेमरा, कूल्हाड़िया, बालमपुर के ग्रामीणों का कहना है कि इस रोड की मंजूरी 2 साल पहले हो गई मगर अभी तक रोड नहीं बनना चालू नही हुआ भोपाल से विदिशा तक का मार्ग रात और दिन चलता है इसमें दिनोदिन ट्राफिक बढ़ता ही जा रहा है इस मार्ग पर दो पहिया वाहन चलाना मुश्किल हो गया है।