शरद शर्मा बेगमगंज रायसेन
रायसेन जिले के बेगमगंज में गैर मान्यताधारी क्लीनिको, दवाखानों के खिलाफ अभियान के पहले चरण में जहां चार क्लिनिक सील किए गए थे वहीं दूसरे चरण में तीन क्लीनिक फिर सील किए गए हैं प्रशासन की इस कार्रवाई से चिकित्सा क्षेत्र में हड़कंप मचा हुआ है। अधिकतर क्लीनिक बंद होने से मरीजों को उपचार कराने में परेशानी हो रही है जिसके कारण सिविल अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ गई है लेकिन वहां डॉक्टरों की कमी परेशानी का सवब बनी हुई है।

मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव के आदेश के बाद जिला चिकित्सा अधिकारी दिनेश खत्री के निर्देश पर सीबीएमओ डॉ दिनेश गुप्ता, तहसीलदार एसआर देशमुख, एएसआई मोहनलाल, बीपीएम जय सिंह, शाहिद कुरेशी, फार्मासिस्ट अनूप राय, पुलिस विभाग से रामेश्वर महाराज, मोहनलाल गुड्डू की टीम ने सर्वप्रथम सौभाग्य माल में संचालित प्रधानमंत्री जन औषधीय केंद्र का निरीक्षण किया तो वहां मेडिकल के अंदर डॉक्टर शरद शर्मा को क्लिनिक संचालित करते हुए पाया गया जिनके पास क्लीनिक का रजिस्ट्रेशन उपलब्ध नहीं होने एवं दवा वितरण विक्रय एवं उपचार संयुक्त रूप से किए जाने पर आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने पर निर्धारित समय में उपलब्ध कराने का नोटिस जारी करते हुए प्रधानमंत्री जन औषधीय केंद्र सह क्लिनिक को सील किया गया। वहीं डॉ रवि शर्मा के नगर से बाहर होने पर उनके बंद क्लिनिक को इस आशय के नोटिस के साथ की नोटिस में दर्शाए गए दस्तावेज लेकर ऑफिस समय में सीबीएमओ के समक्ष उपस्थित हो नोटिस चस्पा कर क्लीनिक को सील किया गया। तथा सोसायटी मार्केट में संचालित सृष्टि मेडिकल स्टोर के अंदर ही डॉक्टर एस के मद्रासी द्वारा मरीज देखते हुए पाए गए जिनके पास चिकित्सा संबंधी पर्याप्त दस्तावेज और क्लीनिक का रजिस्ट्रेशन उपलब्ध नहीं होने के कारण मेडिकल व क्लीनिक सील किया जाकर निर्धारित समय में आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराने का नोटिस थमाया है।
प्रशासन की इस कार्रवाई से चिकित्सा क्षेत्र में जहां हड़कंप मचा हुआ है वहीं मरीज छोटा-मोटा उपचार कराने के लिए सिविल अस्पताल पर निर्भर हो गए हैं लेकिन अस्पताल में डॉक्टरों की कमी पहले से ही है जिसके कारण मौसमी बीमारियों से ग्रस्त मरीजों को उपचार कराने के लिए घंटो लाइन में लगना पड़ रहा है।
उपचार के लिए परेशान हो रहे लोगों का कहना है कि पहले शासन को अस्पताल में डॉक्टरों की व्यवस्था करना थी उसके बाद क्लिनिक सील करने की कार्रवाई करना चाहिए थी जिससे मरीजों को होने वाली परेशानी से निजात मिलती।
कार्रवाई के संबंध में सीबीएमओ डॉक्टर दिनेश गुप्ता का कहना है कि शासन के आदेश के तहत उक्त कार्रवाई की जा रही है जो आगे भी जारी रहेगी। सिविल अस्पताल में मरीजों को पर्याप्त उपचार सुविधा दी जा रही है।