– शिवपुरी से लगे ग्रामीण क्षेत्र के दर्रोनी, पिपरसमां, रातौर आदि स्थानों पर खुलेआम काटे जा रहे हैं प्लॉट
रंजीत गुप्ता शिवपुरी
शिवपुरी शहर के आसपास के ग्रामीण इलाकों में अवैध कॉलोनियों कटवाने के मामले में कुछ पटवारियों पर निलंबन की कार्रवाई के बाद भी प्लॉटिंग का काम जारी है। इन अवैध कॉलोनी में धड़ल्ले से लाल मिट्टी और खंडे से यहां पर सड़कें बनाई जा रही हैं। यहां पर अवैध प्लाटिंग का काम धड़ल्ले से जारी है। शिवपुरी शहर से लगे दर्रोनी, रातौर, पिपरसमां, सिंहनिवास, रेलवे स्टेशन क्रॉसिंग रोड के आगे आदि स्थानों पर धड़ल्ले से यह अवैध कॉलोनी काटी जा रही हैं। इन अवैध कॉलोनियों में बिना परमिशन के ही खंडे मुरम, लाल मिट्टी से रोड बनाने का काम चल रहा है। यहां पर अवैध कॉलोनी काटने के मामले में पटवारियों पर कार्रवाई की गई है लेकिन इस कार्रवाई के बाद भी अवैध कॉलोनाइजर माफियाओं पर कोई असर नहीं पड़ रहा है। इन स्थानों पर प्रभावी कार्यवाही ना होने के बाद यहां पर माफियाओं से जुड़े ब्रोकर अवैध कॉलोनियों में लोगों को बहला-फुसलाकर प्लॉट दिलवाने में लगे हैं। जबकि इन अवैध कॉलोनियों में लोगों के लिए कोई सुविधा नहीं है।
दर्रोनी रोड पर हाईवे से सटाकर ही अवैध प्लॉटिंग-
फोरलेन हाईवे पर दर्रोनी रोड पर यहां खुलेआम अवैध कॉलोनी बनाने का काम चल रहा है। शिवपुरी अनुविभाग के अंतर्गत इस दर्रोनी रोड पर लाल मुरम और खंडे से कॉलोनी काटने का काम चल रहा है जिस पर कोई रोक नहीं है। यहां पर लोगों को प्लॉट दिलाने के नाम पर ब्रॉकर सुविधाएं दिलाने की बात कह रहे हैैं लेकिन इस अवैध कॉलोनी की कोई परमीशन नहीं है। इसके अलावा इस फोरलेन हाईवे पर 75 मीटर तक कोई निर्माण नहीं किया जा सकता, नेशनल हाईवे का यह नियम है लेकिन यहां पर फोरलेन हाईवे से सटाकर ही सीमेंट की बॉउंड्री कर अवैध प्लाटिंग की जा रही है। इस अवैध कॉलोनी में प्लॉट लेने वाले लोगों को बाद में नेशनल हाईवे के कारण परेशानी आना तय है।
20 जगह पर चल रहा है अवैध कॉलोनियों का निर्माण–
शिवपुरी शहर से लगे दर्रोनी, रातौर, पिपरसमां, सिंहनिवास, रेलवे स्टेशन क्रॉसिंग रोड के आगे आदि स्थानों पर यहां पर 20 से अधिक स्थानों पर खेतों में अवैध कॉलोनी काटने का काम चल रहा है। यहां पर नियमों को ताक पर रखकर खेतों में यह अवैध प्लाटिंग चल रही है। पटवारियों पर कार्रवाई के बाद भी यहां पर इस अवैध धंधे पर कोई रोक नहीं लग पाई है। लोगों को बहला-फुसलाकर यहां पर माफियाओं द्वारा लोगों को बताया जा रहा है कि वह वह सारी सुविधाएं देंगे लेकिन सच्चाई यह है कि इन कॉलोनियों की कोई परमीशन नहीं ली गई है।