शहर के पुलिस अधिकारियों, अर्जुन अवॉर्डी कपिल परमार और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स ने बच्चों के बीच पहुंचकर बांटी खुशियां, उपहार पाकर खिल उठे बच्चों के चेहरे
अनुराग शर्मा सीहोर
खुशियां बांटने से बढ़ती हैं और त्योहारों की असली सार्थकता तभी है, जब उनकी खुशियों में समाज का हर वर्ग शामिल हो। इसी मानवीय सोच और सेवा के संकल्प के साथ सामाजिक संस्था ‘संडे का सुकून’ ने लगातार नौवें वर्ष वंचित एवं जरूरतमंद बच्चों के साथ दीपावली का पर्व हर्षोल्लास से मनाया।
संस्था की इस अनूठी पहल का उद्देश्य उन बच्चों तक भी त्योहार की खुशियां पहुंचाना है, जो आर्थिक एवं सामाजिक परिस्थितियों के चलते इन खुशियों से अक्सर वंचित रह जाते हैं।
इस वर्ष का आयोजन कई मायनों में खास रहा। शहर एवं प्रदेश के कई सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स ने भी कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक सहभागिता की। उन्होंने बच्चों के साथ समय बिताया और उन्हें स्नेह, आशीर्वाद एवं प्रोत्साहन दिया। उनकी मौजूदगी ने आयोजन की रौनक को और बढ़ा दिया तथा सोशल मीडिया की लोकप्रियता को सामाजिक सरोकारों से जोड़ने का एक सकारात्मक संदेश भी दिया।
आयोजन में अतिथि के रूप में एडिशनल एसपी डॉ. श्री प्रशांत चौबे, सीएसपी श्रीमती अभिनंदना शर्मा, पैरालंपिक पदक विजेता एवं अर्जुन अवॉर्डी श्री कपिल परमार तथा सूबेदार श्रीमती प्राची राजपूत शामिल हुए। सभी अतिथियों ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें भरोसा दिलाया कि आवश्यकता पड़ने पर वे सदैव उनके साथ खड़े रहेंगे।
इस अवसर पर एडिशनल एसपी डॉ. श्री प्रशांत चौबे ने बच्चों एवं सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स से हानिकारक पटाखों का उपयोग नहीं करने की अपील की। उन्होंने सुरक्षित एवं पर्यावरण के अनुकूल दीपावली मनाने का संदेश दिया।
हर वर्ष की तरह इस बार भी बच्चों को संस्था की टीम का बेसब्री से इंतजार था। बच्चों के चेहरे पर दिख रहा उत्साह और उमंग इस आयोजन के प्रति उनके जुड़ाव को बयां कर रहा था। संस्था की टीम बच्चों के लिए पढ़ाई एवं खेलकूद से संबंधित विभिन्न उपयोगी उपहार लेकर पहुंची। उपहार पाकर बच्चों की खुशी देखते ही बन रही थी। बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ ‘WE LOVE YOU SUNDAY KA SUKOON’ कहकर टीम के प्रति अपना प्यार जाहिर किया।
कार्यक्रम में बच्चों के मनोरंजन के लिए भी विशेष इंतजाम किए गए थे। आकर्षक भीम एवं गोरिल्ला डांस ने बच्चों का खूब मनोरंजन किया, वहीं स्वादिष्ट नाश्ते की व्यवस्था ने आयोजन की रौनक को और बढ़ा दिया।
कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहे अर्जुन अवॉर्डी एवं पैरालंपिक पदक विजेता श्री कपिल परमार। उन्होंने बच्चों से आत्मीय संवाद किया और अपने संघर्ष, मेहनत तथा सफलता के सफर की कहानी साझा की। उन्होंने बताया कि किस तरह कठिन परिस्थितियों के बावजूद दृढ़ इच्छाशक्ति और निरंतर प्रयास से अपने लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। उनकी प्रेरक कहानी ने बच्चों के भीतर आत्मविश्वास और आगे बढ़ने का नया उत्साह जगाया।
नौ वर्षों से निरंतर आयोजित हो रही ‘सुकून की दिवाली’ अब केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि संवेदनशीलता, सामाजिक सहभागिता और खुशियां बांटने की एक खूबसूरत परंपरा बन चुकी है। संस्था की यह पहल समाज को संदेश देती है कि त्योहारों की रोशनी तभी सार्थक है, जब उसकी चमक हर घर और हर चेहरे तक पहुंचे।