गैरतगंज में हाईस्कूल व हायर सेकंडरी के परिणामों का बढ़ा प्रतिशत : बोर्ड परीक्षाओं में बढ़ा रिजल्ट, 5 स्कूलों ने दिए 100% परिणाम
सैयद मसूद अली पटेल गैरतगंज रायसेन
विकासखंड गैरतगंज ने इस वर्ष बोर्ड परीक्षा 2025-26 में उल्लेखनीय सुधार करते हुए शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय बढ़ोत्तरी की है। पिछले सत्र में जिले में निचले पायदान पर रहने वाला यह विकासखंड इस बार परिणामों में उछाल के साथ अग्रणी श्रेणी में शामिल हो गया है। शिक्षा विभाग की सघन मॉनिटरिंग, योजनाबद्ध तैयारी और शिक्षकों के सतत प्रयासों का सकारात्मक असर परिणामों में स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। विकासखंड के 21 शासकीय हाई स्कूल और 8 हायर सेकेंडरी विद्यालयों के परिणामों में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। हाई स्कूल का उत्तीर्ण प्रतिशत पिछले वर्ष के 63% से बढ़कर 83% हो गया, जबकि हायर सेकेंडरी का परिणाम 72% से बढ़कर 81% तक पहुंच गया। कई विद्यालयों ने इस वर्ष शानदार प्रगति करते हुए सभी को चौंकाया है। हायर सेकेंडरी विद्यालय गढ़ी का 12वीं का परिणाम 61% से बढ़कर 95% हो गया। समनापुर स्कूल ने 10वीं में 45% से सीधे 95% परिणाम हासिल किया। उत्कृष्ट हायर सेकेंडरी विद्यालय गैरतगंज ने 12वीं में 36% से 70% और 10वीं में 46% से बढ़कर 84% तक पहुंचकर उल्लेखनीय सुधार किया। वहीं हाई स्कूल सांकल का परिणाम 41% से बढ़कर 93% हो गया।
5 स्कूलों ने दिया शत-प्रतिशत परिणाम, मेधावी छात्रों ने बढ़ाया मान
इस वर्ष विकासखंड के 5 विद्यालयों ने 100% परिणाम देकर विशेष उपलब्धि हासिल की है। इनमें हायर सेकेंडरी स्कूल रजपुरा और सोडरपुर तथा हाई स्कूल चांदपुर, देवरीगंज और सोडरपुर शामिल हैं। इसके अलावा सीएम राइज गैरतगंज ने 10वीं में 98% और हरदोट हायर सेकेंडरी स्कूल ने 95% परिणाम के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। व्यक्तिगत स्तर पर भी विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन किया। 10वीं में शासकीय हाई स्कूल चांदपुर की लक्ष्मी लोधी ने 97.4% अंक प्राप्त कर विकासखंड में प्रथम स्थान प्राप्त किया और जिले में तृतीय स्थान हासिल किया। वहीं 12वीं में सीएम राइज गैरतगंज की राशि धाकड़ ने 95% अंक लाकर विकासखंड में पहला स्थान प्राप्त किया और जिले में तीसरा स्थान हासिल किया।
अधिकारियों ने सराहा प्रयास
अनुविभागीय अधिकारी अंकित जैन ने कहा कि कम समय में 90% से अधिक परिणाम देने वाले विद्यालयों की प्रगति सराहनीय है और यह दर्शाता है कि निरंतर मॉनिटरिंग और मार्गदर्शन से सरकारी स्कूल भी उत्कृष्ट परिणाम दे सकते हैं। वहीं सहायक संचालक एवं विकासखंड शिक्षा अधिकारी आशीष सिंह चौहान ने बताया कि पिछले सत्र में पिछड़े स्थान पर रहने के बाद सभी विद्यालयों का विश्लेषण कर सुनियोजित रणनीति बनाई गई, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। उन्होंने इसे शिक्षकों और विद्यार्थियों के सामूहिक प्रयास का परिणाम बताते हुए भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन का संकल्प व्यक्त किया।