शरद शर्मा बेगमगंज रायसेन
आदिवासी गांव रमपुरा में बीती मंगलवार की शाम करीब 6 से 7 बजे के बीच किसी अज्ञात व्यक्ति ने खेत पर गए एक आदिवासी युवक की गोली मारकर जघन्य हत्या कर दी। घटना की जानकारी उसके मंझले भाई को तब लगी जब वह मजदूरी करके घर लौटा तो देखा कि उसका बड़ा भाई बैल लेकर खेत पर गया था जो अभी तक नहीं लौटा है जब वीरेंद्र खेत पर पहुंचा तो देखा कि बैल वैसे ही बंधे हुए हैं और उसका बड़ा भाई खून से लथपथ पड़ा है । तब उसने मोबाइल से घर पर परिजनों को खबर देकर बुलाया जो गाड़ी लेकर पहुंचे और मृतक को पहले घर लेकर आए फिर पुलिस को सूचना दी।
पुलिस गांव और घटनास्थल पर पहुंची और मृतक को रात करीब डेढ़ बजे सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे।
पुलिस सूत्रों के अनुसार ग्राम रमपुरा में एक आदिवासी युवक वृंदावन सिंह ठाकुर पिता करण सिंह ठाकुर 35 वर्ष मंगलवार की शाम को गांव से डेढ़ किमी दूर पठार पर स्थित अपने खेत पर गया था लेकिन बहुत देर तक जब वो वापिस नहीं आया तो उसका दूसरे नबंर का भाई वीरेंद्र सिंह ठाकुर उसे खोजने गया तब घटना की जानकारी मिली।
मृतक के एक पुत्र एवं एक पुत्री है और सागर जिले के सुर्खी के पास हफसीलि में उसकी ससुराल है।
मृतक का आज बुधवार की सुबह पोस्टमार्टम किया गया। जिसमें बारह बोर के देशी कट्टे ( रिवॉल्वर ) के कारतूस से चली गोली से शरीर के अंदर एक गोली का पॉइंट पसली ओर गुर्दे के बीच में पाया गया तो दूसरा पॉइंट पेट से होकर गुप्तांग के पास से होकर निकलना बताया गया है।
अधिक रक्तस्राव के कारण उसकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई थी।
मृतक के पिता करण सिंह ठाकुर ने बताया , उसके तीन पुत्र एवं दो पुत्रियां है जिनमें दो पुत्र वृंदावन एवं वीरेंद्र गांव पर उनके साथ रहकर पट्टे पर मिली भूमि पर खेती-किसानी में उनका साथ देते हैं जबकि तीसरा पुत्र हरज्ञान सिंह भोपाल में रहकर काम करता है।दोनों पुत्रियों का विवाह होने से वो ससुराल में है। उनकी एवं उनके पुत्रों की गांव अथवा आसपास कहीं भी किसी से कोई दुश्मनी नहीं है। उनकी समझ से परे है कि बड़े पुत्र की हत्या क्यों हुई ..?
थानाप्रभारी राजीव उइके का कहना है , हत्या का कारण अज्ञात है , सभी एंगिल पर जांच की जा रही है। आज पुनः घटना स्थल का मौका मुआयना पुलिस टीम के साथ एफएसएल टीम द्वारा भी किया गया। जल्दी ही मामले का खुलासा हो जाएगा ।