खाद की अनुपलब्धता से किसानों का आक्रोश: दूसरे दिन भी हंगामा, केंद्रीय कृषि मंत्री पर लगाए गंभीर आरोप
सैयद मसूद अली पटेल गैरतगंज रायसेन
जिले कीगैरतगंज तहसील में खाद की किल्लत अब किसानों के तीखे विरोध के रूप में सामने आ रही है। लगातार दूसरे दिन, मंगलवार को भी खाद नहीं मिलने से आक्रोशित किसानों ने विपणन संस्था के सामने मुख्य सड़क मार्ग पर जोरदार हंगामा किया। किसानों ने सीधे तौर पर क्षेत्रीय सांसद और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधते हुए गंभीर आरोप लगाए।

खाद नहीं मिलने से दुखी किसान मुख्य सड़क पर उतर आए। खासतौर पर महिला किसान सड़क पर बैठ गईं और अपना आक्रोश व्यक्त किया, जिसके चलते कुछ समय के लिए आवागमन बाधित हो गया। प्रदर्शन करते हुए किसानों ने कहा कि “किसान का बेटा” कह कहकर विदिशा संसदीय क्षेत्र से सर्वाधिक मतों से जीतने वाले क्षेत्रीय सांसद और देश के कृषि मंत्री को किसानों की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं है। किसानों ने आरोप लगाया कि अपने आप को किसान का बेटा बताने वाले शिवराज, किसान की दुःख की घड़ी में कहाँ हैं? चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे करके सर्वाधिक वोट ले गए, लेकिन अब खुद कृषि मंत्री रहते हुए भी उन्हीं के क्षेत्र में खाद जैसी महत्वपूर्ण चीज की कमी है। किसान दिन-दिन भर भूखा-प्यासा खाद के लिए लाइनों में लगा है, लेकिन उन्हें खाद नहीं मिल पा रहा है। किसानों ने इस अव्यवस्था के लिए सीधे केंद्रीय कृषि मंत्री पर निशाना साधा और कहा कि उनकी अनदेखी के कारण ही किसान आज इतनी परेशानी झेल रहा है।

प्रशासन ने संभाली स्थिति, कूपन बांटे गए
किसानों का हंगामा देखते हुए प्रशासन हरकत में आया। वरिष्ठ कृषि विस्तार अधिकारी नीरज नामदेव ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली और किसानों को शांत कराया। उन्होंने खाद वितरण की व्यवस्था में सुधार करते हुए आगामी दो दिनों के लिए 200 कूपन किसानों को वितरित किए। अधिकारी ने किसानों को बताया कि 29 अक्टूबर को 100 कूपन धारी किसानों को खाद दिया जाएगा। शेष बचे हुए कूपन धारक किसानों को 30 अक्टूबर को केंद्र पर पहुंचना होगा। फिलहाल जितना खाद उपलब्ध है, उसे किसानों को बराबर स्थिति में बांटा जा रहा है। अधिकारियों के आश्वासन और कूपन वितरण के बाद किसानों का हंगामा शांत हुआ, लेकिन खाद की उपलब्धता को लेकर क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है।