प्रतिभा पहचानने और निखारने का अवसर रासेयो में मिलता है : डॉ. संजय जैन
भोपाल। बाबूलाल गौर शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, भेल भोपाल में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के 58वें स्थापना दिवस के अवसर पर अभिमुखीकरण एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. संजय जैन ने मां सरस्वती एवं स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया। स्वयंसेवकों ने तिलक लगाकर और एनएसएस बैच पहनाकर अतिथियों का स्वागत किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्राचार्य डॉ. संजय जैन ने सभी स्वयंसेवकों को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दीं और उनके प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना समाज सेवा के माध्यम से युवाओं के व्यक्तित्व विकास का रचनात्मक अभियान है। इसके माध्यम से युवाओं को अपनी प्रतिभा पहचानने और उसे निखारने का अवसर मिलता है। साथ ही अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना का भी विकास होता है।

छात्रा इकाई की कार्यक्रम अधिकारी डॉ. गीता चौहान ने राष्ट्रीय सेवा योजना के इतिहास, उद्देश्यों और सत्र के दौरान आयोजित होने वाली विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी।
इसके बाद एनएसएस स्वयंसेवकों ने विभिन्न सांस्कृतिक एवं रचनात्मक प्रस्तुतियां दीं। इनमें भाषण, पोस्टर मेकिंग, स्लोगन लेखन, देशभक्ति गीत, सरस्वती वंदना, मंच सज्जा और सामाजिक जागरूकता पर आधारित प्रस्तुतियां शामिल रहीं।

कार्यक्रम का संचालन बी.कॉम प्रथम वर्ष की छात्रा कु. चित्रांशी यादव ने किया। अंत में कार्यक्रम अधिकारी डॉ. संजय बाणकर ने आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में महक कुशवाहा, प्राची बागुल, अनामिका यादव, आंचल सॉवनर, वीरेंद्र हरिजन, सोहित मीना, अश्विन रामटेके, पहल मिश्रा, पूजा वर्मा, जतिन जोशी, साक्षी कुशवाहा, प्राची विश्वकर्मा, सीता रजक, त्रिवेणी, ज्योति वर्मा, खुशबू खातरकर, श्रिया विश्वकर्मा एवं आस्था अहिरवार सहित बड़ी संख्या में एनएसएस स्वयंसेवकों ने सक्रिय सहभागिता की। इस अवसर पर महाविद्यालय के अधिकारी, कर्मचारी और विद्यार्थी उपस्थित रहे।