बालमपुर घाटी में बड़ा हादसा टला, चलते-चलते धुआं छोड़ने लगी क्रेन मशीन, कुलहड़िया मोड़ पर बाइक सवार खेत में गिरा
मुकेश साहू दीवानगंज रायसेन
भोपाल-विदिशा हाईवे-18 पर दो अलग-अलग सड़क हादसों ने एक बार फिर हाईवे की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। विदिशा से एक्सीडेंट हुए ट्रक को लेकर भोपाल जा रही एक किरण (क्रेन) मशीन में बालमपुर घाटी पर अचानक धुआं उठने से अफरा-तफरी मच गई, जबकि कुलहड़िया मोड़ पर एक बाइक सवार अनियंत्रित होकर खेत में जा गिरा। दोनों घटनाओं में बड़ा नुकसान टल गया।
जानकारी के अनुसार, एक किरण मशीन दुर्घटनाग्रस्त ट्रक को खींचकर भोपाल ले जा रही थी। जैसे ही मशीन बालमपुर घाटी के ऊपर पहुंची, उसके इंजन से अचानक धुआं निकलने लगा। स्थिति को भांपते हुए चालक ने तुरंत मशीन सड़क किनारे रोक दी और सुरक्षित दूरी पर खड़ा हो गया। कुछ देर तक लगातार धुआं निकलता रहा, जिससे वहां मौजूद लोगों में दहशत फैल गई।
चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए धूल, मिट्टी और पानी डालकर धुआं नियंत्रित किया। समय रहते स्थिति संभाल ली गई, जिससे मशीन में आग नहीं लगी और एक बड़ा हादसा टल गया। मशीन ठंडी होने के बाद चालक उसे लेकर भोपाल के लिए रवाना हो गया।
इसी दौरान हाईवे पर कुलहड़िया गांव के मोड़ के पास एक अन्य हादसा भी हुआ। विदिशा से इंदौर जा रहा एक मोटरसाइकिल चालक मोड़ पर वाहन से नियंत्रण खो बैठा और बाइक सहित सड़क किनारे खेत में जा गिरा। हादसे में उसके हाथ-पैर में चोटें आईं।
सूचना मिलने पर बैरखेड़ी स्थित एक निजी अस्पताल से एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल को प्राथमिक उपचार दिया। उपचार के बाद चालक अपनी मोटरसाइकिल से इंदौर के लिए रवाना हो गया।
लगातार हो रही घटनाओं से स्पष्ट है कि भोपाल-विदिशा हाईवे-18 पर विशेषकर बालमपुर घाटी और कुलहड़िया मोड़ जैसे संवेदनशील स्थानों पर वाहन चालकों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। स्थानीय लोगों ने भी इन स्थानों पर सुरक्षा उपाय और निगरानी बढ़ाने की मांग की है। कुलहड़िया गांव और बालमपुर घाटी पर दो अंधे मोड़ होने के कारण अक्सर दुर्घटनाएं हो रही है।