सुरेंद्र जैन धरसीवां
अक्सर देखने में आता है कि पंच सरपंच से लेकर विधायक सांसद तक जो भी चुनाव लड़ते हैं वह पहले तो मतदाताओं के घर घर जाते हैं उनके पैर भी छूते हैं लेकिन जीतने के बाद पांच साल तक मतदाताओं के घर झांकते तक नहीं है लेकिन सांकरा ग्राम पंचायत के नवनिर्वाचित सरपंच रघुनाथ साहू ने सरपंच निर्वाचित होने के बाद जो किया उसे देखकर ग्रामीणों ने न सिर्फ उन्हें गले लगाया बल्कि उनकी इस विनम्रता के कायल भी हो गए.दरअसल औद्योगिक क्षेत्र की प्रमुख ग्राम पंचायत सांकरा से इस बार एक से बढ़कर एक धन्ना सेठ सरपंच के लिए चुनाव लड़ रहे थे ओर पानी की तरह पैसे बहा रहे थे। लेकिन एक

उम्मीदवार इनमें रघुनाथ साहू ऐसे थे जिनके पास अपार धन संपदा तो नहीं थी पर विनम्रता जरूर थी.उन्होंने इसी विनम्रता के साथ चुनाव लड़ा और ग्रामीणों ने इस बार धन संपदा को ठुकराते हुए विनम्रता को चुन लिए अर्थात 383 वोटों से रघुनाथ साहू को चुनाव जिता दिया.चुनाव जीतने के बाद उन्होंने अपनी पत्नी के साथ गांव के प्रत्येक मतदाता के घर जाकर मतदाताओं को जब नमन करते हुए उनका आभार व्यक्त किया तो ग्रामीण मतदाताओं ने उन्हें गले लगा लिया

.इस दौरान रघुनाथ साहू की आँखें तो खुशी से भरी ही थी लेकिन जब वह ग्रामीणों मतदाताओं के चरण छूने लगे तो ग्रामीण मतदाताओं की आँखें भी भर आई ओर उन्होंने अपने सरपंच को गले लगाकर बधाई दी मिठाई खिलाई तो किसी ने साल श्रीफल से सम्मान भी किया.उनकी आभार रैली में पूरा गांव उमड़ पड़ा