Let’s travel together.

ट्रालियों के पीछे रेडियम लगाकर रोक सकते हैं अनेक दुर्घटनाएं

0 155

कलेक्टर, एसपी ने रायसेन में ट्रालियों में लगाया रेडियम, किसान भाईयों को भी दी ट्रालियों में रेडियम लगाने की समझाईश

रायसेन।रायसेन स्थित दशहरा मैदान में आयोजित सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम में कलेक्टर श्री अरविंद दुबे तथा पुलिस अधीक्षक श्री पंकज पाण्डे ने किसान भाईयों को ट्रेक्टर-ट्रालियों से दुर्घनाओं में कमी लाने हेतु ट्रालियों में रेडियम लगाने की समझाईश दी। कलेक्टर तथा एसपी द्वारा स्वयं भी दशहरा मैदान में धान विक्रय हेतु खड़ी ट्रालियों में रेडियम लगाया। उल्लेखनीय है कि बड़ी संख्या में किसान भाई ट्रेक्टर-ट्राली से अपनी उपज विक्रय हेतु कृषि उपज मण्डी ला रहे हैं जो कि समीपस्थ दशहरा मैदान में नीलामी हेतु खड़ी होती हैं।
कलेक्टर श्री दुबे ने किसान भाईयों से संवाद करते हुए कहा कि प्रायः ट्रालियों और वाहन की आपस में होने वाली दुर्घटनाओं में अधिकांश मामलों में रात में अंधेरे के समय ट्रालियों में पीछे से दोपहिया या चार पहिया वाहन टकराने संबंधी दुर्घटनाएं होती हैं। ऐसी दुर्घटनाओं में कई वार वाहनचालक को गंभीर चोट लगती है या मृत्यु भी हो जाती है। ऐसी अधिकांश दुर्घटनाओं को हम छोटे से प्रयास से रोक सकते हैं और वह है ट्रालियों में पीछे की तरह रेडियम लगाकर। हमारा यह प्रयास अनेक दुर्घटनाओं को रोक सकता है। कलेक्टर श्री दुबे ने किसान भाईयों से कहा कि यहां काउंटर बनाया गया है, जहां वेण्डर द्वारा बेहद कम कीमत पर रेडियम उपलब्ध कराया जा रहा है। किसान भाई अपनी ट्रालियों में रेडियम जरूर लगाएं। इस पर कार्यक्रम में उपस्थित किसान भाईयों ने एक स्वर में अपनी ट्रालियों में रेडियम लगाने की बात कही। साथ ही अन्य किसान भाईयों को भी रेडियम लगाने हेतु प्रेरित करने की बात कही।


कलेक्टर श्री दुबे ने किसान भाईयों को वाहन चलाते समय सावधानी बरतने की समझाइश देते हुए कहा कि गांव की सड़क से मुख्य मार्ग पर आते समय वाहन स्पीड धीमी रखनी चाहिए। इसके अलावा सभी को दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट अनिवार्य रूप से लगाना चाहिए। इससे सिर में चोट नहीं लगती और गंभीर स्थिति भी नहीं बनती। पुलिस अधीक्षक श्री पंकज पाण्डे द्वारा भी किसान भाईयों को अपनी ट्रालियों में रेडियम लगाने और सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया गया।
उन्होंने किसान भाईयों से कहा कि मोटरयान सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को बचाने का कार्य करने वाले गुड समेरिटन (नेक व्यक्ति) को नगद प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है। दुर्घटना में घायल व्यक्ति को शीघ्र अस्पताल पहुंचाकर हम उसकी जान बचा सकते हैं। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि कोई भी अशासकीय या शासकीय अस्पताल औपचारिकताओं के नाम पर या अन्य कारणों से इलाज की मनाही या इलाज में देरी नहीं कर सकती है। इसके अलावा घायल को अस्पताल पहुंचाने वाले व्यक्ति के लिए दुर्घटना मामले में गवाह बनना भी बाध्यकारी नहीं है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.

सेपक टकरॉ में गोल्डन कैरी की 8 छात्राओं ने दिखाया हुनर, सेमीफाइनल तक पहुँची टीम     |     क्रांतिकारी सरदार भगत सिंह जी की जयंती पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित     |     सीईसी के खिलाफ लामबंदी से विपक्ष को सियासी लाभ कितना? अजय बोकिल      |     दो दिन से फंसे थे बाढ़ में सूचना मिलते ही रात के अंधेरे में किया रेस्क्यू,दो फेक्ट्री कर्मियों सहित पांच का सफल रेस्क्यू     |     मवेशियों को बचाने के चक्कर में 10 फीट गहरी खाई में पलटी पिकअप     |     हलाली डैम का जलस्तर 1507 फीट पर पहुंचा, एक फीट और बढ़ा तो खुलेंगे चैनल गेट     |     पेंशनर्स महासंघ की बैठक में कैशलेस बीमा और महंगाई राहत के मुद्दे पर चर्चा     |     उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने रीवा में मुख्यमंत्री सुगम बस सेवा का किया शुभारंभ      |     प्रौढ़ शिक्षा विभाग से स्कूल शिक्षा विभाग में आए 30 से अधिक अधिकारियों की पदोन्नति तत्काल रद्द की जाए : मुरारी लाल सोनी      |     सेवा संकल्प अभियान के तहत सामूहिक योगाभ्यास आयोजित     |    

Don`t copy text!
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9425036811