मधुवन झारखंड से अविनाश जैन
गुणायतन मधुवन जैन समाज अपनी सभी धार्मिक संपत्तियों मंदिर, तीर्थ, भूमि एवं संस्थानों—के दस्तावेजों का डिजिटल संरक्षण सुनिश्चित करे। प्रत्येक दस्तावेज को सुरक्षित पोर्टल पर अपलोड कर व्यवस्थित रूप से संजोया जाए। यदि आज हम इस दिशा में गंभीर नहीं हुए, तो भविष्य में समाज की अमूल्य संपत्तियाँ संकट में पड़ सकती हैं।
देश के प्रत्येक राज्य में राजस्व, विधि एवं प्रशासन से जुड़े समाज के योग्यजन आगे आएँ और अपने-अपने प्रदेश की धार्मिक संपत्तियों के संरक्षण का दायित्व निभाएँ। एक राज्य से शुरू हुआ यह अभियान पूरे देश में समाज की धरोहर को सुरक्षित रखने का माध्यम बन सकता है।गुणायतन इस राष्ट्रीय अभियान में पूर्ण सहयोग के लिए सदैव तत्पर है।”धरोहर बचेगी, तभी संस्कृति बचेगी; संस्कृति बचेगी, तभी आने वाली पीढ़ियाँ सुरक्षित रहेंगी।”