रामभरोस विश्वकर्मा, मंडीदीप रायसेन
रायसेन/भोपाल। मार्कशीट को आधार बनाकर व्यवसाय लोन दिलाने का खेल इन दिनों राजधानी भोपाल से लेकर रायसेन तक तेजी से फैल रहा है। बेरोजगार युवाओं और छोटे कारोबारियों को आसान लोन का लालच देकर कमीशनखोर दलाल मोटी कमाई कर रहे हैं।
जांच में सामने आया है कि कई बैंकों में व्यवसाय लोन स्वीकृत कराने के लिए पहले से सक्रिय दलालों का नेटवर्क मौजूद है। ये दलाल आवेदकों से कहते हैं कि केवल मार्कशीट और कुछ दस्तावेज दिखाकर लोन स्वीकृत करा देंगे। इसके एवज में वे हजारों से लाखों रुपये तक “कमीशन” वसूलते हैं।
बिना जांच के लोन स्वीकृत
सूत्रों का कहना है कि कई मामलों में बिना वास्तविक पात्रता और व्यवसाय की क्षमता जांचे ही लोन पास कर दिए जाते हैं। इससे न केवल बैंकिंग व्यवस्था पर खतरा मंडरा रहा है बल्कि कई युवाओं को झूठे कर्ज के जाल में फंसा दिया गया है।
भोपाल-रायसेन कनेक्शन
मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इसका नेटवर्क भोपाल से जुड़ा हुआ है। रायसेन जिले में दलाल भोपाल के जरिए बैंकों में संपर्क साधकर फर्जीवाड़े को अंजाम दे रहे हैं। इस पूरे खेल में बैंक कर्मचारियों की मिलीभगत की आशंका भी जताई जा रही है।
प्रशासन मौन, सवाल गंभीर
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यह कारोबार लंबे समय से चल रहा है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी आँखें मूंदे बैठे हैं। यदि समय रहते इस धंधे पर नकेल नहीं कसी गई तो रायसेन और भोपाल दोनों जगह हजारों लोग आर्थिक नुकसान के शिकार हो सकते हैं।
अब देखना होगा कि क्या प्रशासन इस “मार्कशीट व्यवसाय लोन माफिया” पर कार्रवाई करता है या फिर कमीशनखोरों की बल्ले-बल्ले ऐसे ही जारी रहेगी।
बैंक मैनेजर ओर लोन दिलाने वाले दलाल का एक बड़ा गिरोह इसमें काम करता है! फर्जी ऑफिस ओर gst लेकर बड़े ही शातिर तरीके से दुकानदारों को लोन दिलाया जाता है!सरकार से मिलने वाली सब्सिडी मे भी दलाल मैनेजर से मिलकर मोटा कमीशन लेते है!