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महाविद्यालयीन अतिथि विद्वानों क़े स्थाइत्व की तरफ़ बढ़ेगी सरकार

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– अतिथि विद्वान महासंघ ने कहा,ऐतिहासिक निर्णय होगा सरकार का

भोपाल। मप्र  क़े सरकारी कॉलेजों में रिक्त पदों क़े विरुद्ध पिछले दो दशकों से सेवा करने वाले अतिथि विद्वानों क़े आने वाले समय में दिन बहुरेंगे।दो वर्ष की उच्च शिक्षा की उपलब्धि क़ो लेकर उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार ने प्रेस कांफ्रेंस करते हुए दिए है स्पष्ट संकेत।उच्च शिक्षा मंत्री परमार ने पत्रकारों से पूछे गए सवाल पर कहा की बहुत ही जल्द अतिथि विद्वानों का स्थाइत्व करने जा रहें है।हरियाणा सरकार क़े ऐतिहासिक निर्णय क़ो देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार भी उत्तम श्रेठ निर्णय ले रही है।अभी लगभग 4500 अतिथि विद्वान कार्यरत है जिनमे से लगभग 3700 यूजीसी योग्यता पूरी करते है औऱ पढ़ाने का लम्बा अनुभव रखते है।जैसा की विदित हो मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव एवं पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज इन्ही विद्वानो क़ो महापंचायत में उच्च शिक्षा विभाग की शान एवं रीढ़ बोल चूके है।अतिथि विद्वान लंबे समय से अपने स्थाइत्व क़े लिए संघर्ष करते आ रहें है।

क़्या है हरियाणा सरकार की पॉलिसी, अतिथि विद्वानों क़े लिए

रिक्त पदों क़े विरुद्ध पिछले पांच वर्षों से ज़ो अतिथि विद्वान सेवा कर रहे थे साथ ही ज़ो यूजीसी योग्यता धारी थे उनके लिए हरियाणा की भाजपा सरकार ने ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए न्यूनतम वेतनमान 57700 पर रिटायरमेंट उम्र तक स्थाइत्व प्रदान किया है साथ ही वर्ष में जनवरी एवं जुलाई क़े प्रथम दिन से प्रभावी महगाई भत्ते की प्रतिशतता क़े अनुसार वृद्धि का प्रावधान किया है।इसी क़ो लेकर मध्य प्रदेश क़े अतिथि विद्वानों ने अपनी बात सरकार से रखी औऱ तर्क दिया की हम तो पिछले 25 वर्षों से अनिश्चित भविष्य औऱ अल्प मानदेय पर सेवा कर रहें हैं।वर्तमान में अतिथि विद्वानों की संख्या लगभग 4500 है जिनमे से लगभग 3600 अतिथि विद्वान नेट सेट पीएचडी हैं।मध्य प्रदेश में लगभग 2700 अतिथि विद्वान ऐसे है जिनको 5 वर्ष का अनुभव हैं।
इनका कहना हे 

महाविद्यालयीन अतिथि विद्वान महासंघ माननीय उच्च शिक्षा मंत्री ज़ी क़े बयान का स्वागत करता है साथ ही आशा करता है की अतिथि विद्वानों क़ो स्थाइत्व प्राप्त होगा।

डॉ देवराज सिंह,अध्यक्ष अतिथि विद्वान महासंघ

मुख्यमंत्री ज़ी,उपमुख्यमंत्री ज़ी,उच्च शिक्षा मंत्री ज़ी एवं विभागीय शीर्ष अधिकारीयों का सादर आभार की उन्होंने वर्षों से शोषित अतिथि विद्वानों का पुनर्वास करने का निर्णय ले लिया है।

डॉ आशीष पाण्डेय, मीडिया प्रभारी महासंघ

मंत्री ज़ी क़े घोषणा से 25 वर्षों का बनवास ख़त्म होगा,फिक्स मासिक वेतन मिलेगा एवं फालेन आउट से निजात मिलेगा औऱ हरियाणा सरकार से बेहतर नीति सरकार बनाएंगी ऐसी पूरी उम्मीद है।माननीय मंत्री ज़ी का सादर आभार।
डॉ अविनाश मिश्रा,उपाध्यक्ष महासंघ

 

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