असलम खान सिराली हरदा
सोमवार को मुस्लिम समाज द्वारा हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में मोहर्रम का जुलूस निकाला गया। इस मौके पर नगर की परंपरानुसार सबसे पहले गांधी चौक स्थित इमामबाड़ा से ताजिया निकला। उसके बाद अलग-अलग मोहल्लों से आए अखाड़ा पहुंचे और झिलमिल करते ताजियों को कर्बला लेकर पहुंचे एवं आकर्षक ताजिए, हाथों में अलम और आस्था का सैलाब सोमवार को नगर की सड़कों पर निकला। बारी-बारी से 05 से अधिक ताजिए निकले।

करबला के मैदान में हजरत इमाम हुसैन और उनके 72 साथियों ने जो शहादत दी थी, उसकी याद में मोहर्रम पर्व मनाया। जुलूस-ए-हुसैनी ने गांधी चौक मोहर्रम के ताजिए के आगे कुछ युवक मुंह से आग निकालने की कलाबाजी कर रहे हैं और ट्यूबलाइट से मातम पेश किया और इस दौरान नगर में जगह-जगह खिचड़ा और शरबत का लंगर आयोजित किए जरूरतमंदों तक पहुंचे को इराक के करबला मैदान में 3 दिनों तक भूखे प्यासे हजरत इमाम हुसैन और उनके 72 साथियों ने अन्याय के खिलाफ जंग करते हुए शहीद हुए थे शहीद ने करबला की याद में जुलूस में नगर के अनेक मोहल्लों समेत सैकड़ों लोग शामिल थे ताजियों का यह जुलूस गांधी चौक से शुरू होकर कर्बला मैदान पहुंचा। जहां ताजिए ठंडे करने के साथ ही मोहर्रमम का समापन हुआ।

इस अवसर पर तहसीलदार विजय साहू थाना प्रभारी आर धारिया एसआई खुशहाल बघेल कांस्टेबल वीरेंद्र इबने जितेंद्र राजपूत आरक्षक सुनील उइके पटवारी एवं ताजिए समिति के सदस्य बाहीद शाह अनवर शाह बहादुर शाह हयात पटेल नोसू खां और नगर के लोग मौजूद है