इंदौर। मध्यप्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद द्वारा उत्प्रेरित एवं प्रायोजित आचार्य प्रफुल्ल चंद्र रे जयंती के समापन समारोह के अवसर पर डॉ पुष्पेंद्र दूबे, प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, भाषा विभाग, महाराजा रणजीत सिंह कॉलेज ऑफ प्रोफेशनल साइंसेस, इंदौर के द्वारा आचार्य पी. सी. रेय: आत्मनिर्भर भारत पर व्याख्यान दिया। कार्यक्रम में डॉ पुष्पेन्द्र दुबे ने आचार्य प्रफुल्लचंद्र राय की जानकारी देते हुए बताया कि उन्होंने स्वदेशी को आत्मनिर्भर भारत की कुंजी माना। सन् 1933 में इंदौर में आयोजित स्वदेशी प्रदर्शनी में आर्थिक स्वतंत्रता का ब्ल्यू प्रिंट प्रस्तुत किया था।

इसी के साथ क्विज प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। जिसमे प्रो दीपांशु पांडे क्विज मास्टर के रूप मे उपस्थित थे। इसमें सकीना लाइटवाला, अनिरुध्द भाटी, नितिन चौहान, सुशांत पाण्डे, निखिल खाण्डे और युवराज सिंह प्रथम पुरस्कार, हर्षित, महक यादव, करन खत्री, अनुमोघ कानूनगो, शुभम, रोहित, अजिता को द्वितीय पुरस्कार तथा अनंत, रौनक, गौरव और कुणाल की टीम तृतीय पुरस्कार प्राप्त हुआ। इन्हें क्रमश: 1750, 1600 और 900 रुपये का नगद पुरस्कार दिया गया। नगद पुरस्कार स्वर्गीय हरशरन कौर माखीजा कि स्मृति मे दिया गया। पुरस्कार राशि रु 5000 मध्य प्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद, भोपाल द्वारा प्रायोजित की गयी थी । पुरस्कार वितरण डॉ आनंद निघोजकर, डॉ दीपक शर्मा, डॉ शीतल भसीन, डॉ मनोज जोशी एवं प्रो महिमा जैन द्वारा किया गया।

इस अवसर पर प्रो मितेश चौधरी, प्रो गीता सनेजा, डॉ सुप्रिया बांडी, डॉ दीप्ति सेठी, प्रो संदीप कौर, प्रो रिचा जोशी, डॉ लाल कुमार चंदेल, डॉ दीपिका चौधरी, प्रो प्रवीण शर्मा, प्रो शैलेश हिरवे, प्रो जहाबिया, प्रो महिमा शर्मा, मिस अश्विनी पाठक, प्रो प्रज्ञा पालीवाल एवं प्रो निलेश मंडलोई उपस्थित थे।कार्यक्रम का संचालन प्रो दीपांशु पांडे एवं आभार प्रो सीमा शिंत्रे ने प्रकट किया।