पुलिस कंट्रोल रूम में डॉक्टर ने प्रैक्टिस के माध्यम से बताया दुर्घटना के बाद कैसे बचाएं मरीज की जानरायसेन। पुलिस कंट्रोल रूम में आज सीपीआर प्रशिक्षण का आयोजन हुआ। इसमें उपस्थित पुलिस अधीक्षक विकास कुमार सहवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमृत मीणा, डॉक्टर एके शर्मा, सहित नगर निरीक्षक जगदीश सिंह सिद्धू आदि पुलिस अधिकारियों

को हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ साकेत वर्मा ने बताया कि सड़क दुर्घटना के बाद मरीज की कैसे जान बचाई जा सकती है। इस पर उन्होंने एक पुलिसकर्मी दुर्गेश राजपूत को लेटा कर प्रैक्टिस कर पूरी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दुर्घटना के बाद 120 बार कम से कम छाती को किस तरह दवाएं। उन्होंने पहले फिंगर, उंगलियों के माध्यम से पूरी जानकारी दी।

पुलिस अधीक्षक विकास कुमार सहवाल ने पुलिस कंट्रोल रूम में कहा कि ग्वालियर में एक एक्सीडेंट हुआ था। जहां पर एक महिला पुलिस इंस्पेक्टर ने तत्काल उसे सीपीआर करके उसकी जान बचाई थी। सीपीआर की जानकारी सभी को होना चाहिए। इसी उद्देश्य से मीडिया बंधु, परिवार के बंधु, पुलिस सभी को इसकी जानकारी होना चाहिए। आज इसी की ट्रेनिंग सिविल

सर्जन और हृदय रोग विशेषज्ञ के माध्यम से जानकारी दी गई। इसके लिए हमने करीब 5 से छे थाने लाइन के लोगों को बुलाया और सीपीआर की जानकारी दी गई। एसपी ने बताया सीपीआर की बेसिक ट्रेनिंग डेमो के माध्यम से बताया गया। इसमें एक्सीडेंट में कोई भी आपदा में कोई अचानक जान जाने की संभावना आती है तो सीपीआर के माध्यम से उसकी जान बचाई जा सकती है।