–मिथलेश मेहरा
पिपरिया-28 जनवरी को तहसील अधिवक्ता संघ पिपरिया के द्वारा मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय मुख्य न्यायाधीश जबलपुर के नाम द्वितीय जिला एवं सत्र न्यायाधीश के माध्यम से ज्ञापन सौपा गया ।जिसमे अधिवक्ता संघ ने मांग की है की उच्च न्यायालय जबलपुर मध्य प्रदेश के विचारण न्यायालय में 100 चिन्हित प्रकरण में प्रत्येक 25 प्रकरणों को शीघ्र किए जाने के निर्देश को पुनः विचार का निर्देश वापस लिए जाने के संदर्भ में तहसील अधिवक्ता संघ द्वारा दिनांक 28 एक 2023 को अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहे वंही ज्ञापन में कहा गया है कि उच्च न्यायालय जबलपुर के निर्देशानुसार विचारों में लंबित 25 एवं आपराधिक प्रकरणों के निराकरण के निर्देश जारी किए गए हैं जिससे पक्षकारों को उचित एवं सही न्याय मिलने में असुविधा हो रही है क्योंकि न्यायाधीश गणों को माननीय महोदय के दिशा निर्देशों के पालन में निराकरण करना होता है जिससे पक्षकार अपना पक्ष नहीं रख पाते हैं दिन प्रतिदिन सुनवाई होने के कारण ग्रामीण क्षेत्रों से पक्षकारों के आने जाने में अत्यंत असुविधा हो रही है उपरोक्त प्रकार के निर्देशों के कारण अधिवक्ता का भी समुचित रूप से अपना पक्ष न्यायालय के सामने नहीं रख पा रहे प्रकरणो के शीघ्र निराकरण के दबाव में अधिवक्ताओ के ऊपर मानसिक एवं शारीरिक दबाव पड़ रहा है जिससे अधिवक्ताओ स्वास्थ्य पर गंभीर विपरीत परिणाम सामने आ रहे हैं निर्देशों के कारण न्यायाधीश लंबित अन्य मामलों में नियमित रूप से सुनवाई नहीं कर पा रहे हैं जिससे पक्षकारों को अत्यंत असुविधा का सामना करना पड़ रहा है अतः मुख्य न्यायाधीश जबलपुर से निवेदन किया गया है कि उपरोक्त तथ्यों पर सहानुभूति पूर्वक दिशा निर्देश जारी किए जाएं।