Let’s travel together.

वन्य प्राणियों के जीवन से परिचित कराने के उद्देश्य से रातापानी अभयारण्य में 1 दिसंबर से शुरू होगी जंगल सफारी

0 122

शिवलाल यादव रायसेन

रायसेन।वन और वन्य प्राणियों के जीवन से परिचित कराने के उद्देश्य से रातापानी अभयारण्य प्रबंधन एक दिसंबर से जंगल सफारी शुरू करने जा रहा है। प्रकृति और वन्य जीव प्रेमी इसका आनंद ले सकेंगे। इससे एक ओर जहां वन विभाग को आर्थिक रूप से फायदा होगा.।वहीं दूसरी ओर इससे वन मंडल के आसपास स्थित ग्रामीणों को रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। हालांकि इसके लिए पर्यटकाें को करीब साढ़े तीन हजार रुपए चुकाने होंगे। वन मंडल के इस नवाचार के बाद यह जंगल एरिया 1 दिसम्बर 2022 से अंतरराष्ट्रीय नक्शे पर आ जाएगा। इतना ही नहीं यह योजना शुरू होने के बाद रातापानी अभयारण्य के नाम एक और कीर्तिमान बन जाएगा। यह देश की पहली ऐसी सेंचुरी कहलाएगी जहां जंगल सफारी कराई जाएगी।

गेट के अलावा ऑनलाइन करा सकेंगे बुकिंग…..
जंगल सफारी करने के लिए पर्यटक झिरी, बरखेड़ा और देलावाड़ी के तीनों गेटों के अलावा ऑनलाइन बुकिंग भी करा सकेंगे। जंगल सफारी करने के लिए पर्यटकों को 750 रुपए फीस, 480 रुपए गाइड फीस के साथ ढाई हजार रुपए वाहन शुल्क चुकाने होंगे ।
ग्रामीणों को मिलेगा रोजगार सफारी से विभाग को तो आय होगी ही…
आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं को टूरिस्ट गाइड के रूप में रोजगार भी प्राप्त होगा। सेंचुरी प्रबंधन ने टूरिस्ट गाइड के रूप में 20 युवाओं को नौकरी पर रखा है। वन समिति सदस्यों को गाइड का काम सिखाया गया है। उनके पहले चरण की ट्रेनिंग भी पूरी हो गई है।


बाघ करीब से देख सकेंगे…..
रातापानी सेंचुरी प्रबंधन सभी रेंज में सफारी ट्रैक तैयार करा रहा है। इसमें वन समिति और स्थानीय लोगों को रोजगार देने के लिए सेंचुरी प्रबंधन जिप्सी के लिए टेंडर निकाल दिए है। जंगल सफारी नेशनल पार्कों की तर्ज पर ही होगी और लोग बहुत ही करीब से बाघों को देख सकेंगे ।

झिरी से करमई तक….
. अभी झिरी से करमई तक 36 किमी ट्रैक पर सफारी हो रही है। इसमें पर्यटक अपने वाहनों के अलावा सफारी वाहन से जाते हैं। प्राइवेट वाहन यानि स्वयं के वाहन से जाने का अलग अलग किराया है और सफारी वाहन का अलग।


जंगल सफारी के रूट तय, 20 वाहनों से भ्रमण करेंगे पर्यटक.….
वन मंडल अधिकारियों और सेंचुरी प्रबंधन ने योजना का पूरा खाका तैयार कर लिया है। इसमें रातापानी सेंचुरी के अंतर्गत आने वाली झिरी,बरखेड़ा और देलावाड़ी को शामिल किया गया है। पर्यटकों को जंगल सफारी कराने के लिए 20 वाहन उपलब्ध कराए गए हैं। 10 वाहन झिरी, 5-5 गाड़ियां बरखेड़ा और देलावाड़ी गेट पर उपलब्ध रहेंगी। योजना के शुरुआती चरण में 40-40 किलोमीटर के तीन रूट बनाए गए हैं। इन रूटों पर यात्रा करने में पर्यटकों को 3 से 4 घंटे का समय लगेगा। इस दौरान वे बाघ के अलावा जैव विविधता की वजह से कई प्रजाति के पक्षी, जलीय जीव, कई शाकाहारी वन्य प्राणी आसानी से देख सकेंगे।


बैटरी वाली गाड़ियों से कराएंगे ट्रैकिंग…
1 दिसम्बर से हम जंगल सफारी शुरू कर रहे हैं। यह देश की ऐसी पहली सेंचुरी होगी जहां पर्यटकों के लिए जंगल सफारी की सुविधा होगी। यहां की फीस नेशनल पार्कों जैसी होगी। झिरी में अभी पैदल और ट्रैकिंग करने वालों को भी एंट्री है। बैटरी चलित वाहनों से ही सफारी कराई जाएगी। निजी वाहनों को अनुबंधित किया जा रहा है।

विजय कुमार सिंह डीएफओ औबेदुल्लागंज वन डिवीजन

Leave A Reply

Your email address will not be published.

विधायक प्रीतम लोधी के भद्दे बोल,भड़का आईपीएस एसोशिएशन     |     गेहूं खरीदी अनिमितताओं को लेकर किसानों मे रोष, किसान जागृति संगठन ने ज्ञापन सौपा     |     भोपाल मार्ग पर टला बड़ा हादसा, शक्ति ट्रेवल्स की बस में लगी आग     |     पीएम श्री स्कूल के छात्रों ने रचा इतिहास, राज साहू और रेशमा खान बने टॉपर     |     अमृत सरोवर बना शराबियों का अड्डा, असामाजिक तत्वों ने तोड़ी पंचायत की कुर्सियां ग्रामीणों में भारी आक्रोश     |     अक्षय तृतीया पर बाजारों में रौनक, गुड्डा-गुड़िया से लेकर शादी सामग्री की जमकर हुई बिक्री     |     दीवानगंज–देहरी पूछी के पहाड़ों में धधकती आग, जंगल की ओर बढ़ा खतरा , एक महीने में सातवीं घटना, फायर ब्रिगेड न होने से हालात बेकाबू     |     लू के थपेड़े चिलचिलाती धूप के बीच दर्जनों आदिवासी परिवारों को किया बेघर     |     धूमधाम से मनाया गया परशुराम प्रकटोत्सव, भव्य शोभायात्रा में उमड़ा जनसैलाब     |     बेगमगंज में धूमधाम से मनेगी केवट जयंती      |    

Don`t copy text!
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9425036811