देवेन्द्र तिवारी सांची, रायसेन
नगर से मात्र एक किमी दूर स्थित पुरातात्विक नागौरी की पहाडी पर आज भी पुरातात्विक ऐतिहासिक भगवान विष्णु की प्रतिमा की सुरक्षा गांव के लोग कर रहे है पुरातत्व विभाग ने बनाई दूरी।
जानकारी के अनुसार इस ऐतिहासिक स्थल से मात्र एक किमी की दूरी पर ऐतिहासिक पुरातात्विक पहाडी नागौरी की जो अपने आप मे अपने मे ऐतिहासिक धरोहर समेटे हुए हैं इस पहाड़ी पर अनेक ऐसे पुराअवशेष दिखाई पडते हैं जो अपने आप मे ऐतिहासिक के प्रमाण के रूप में दिखाई दे जाते है वैसे तो इस क्षेत्र में पुराअवशेष को सुरक्षित एवं संरक्षण का जिम्मा पुरातत्व विभाग के जिम्मे रहता है परन्तु विभाग इन पुराअवशेष से बेखबर बना हुआ है बताया जाता है इस ऐतिहासिक पहाड़ी पर एक प्रतिमा जो भगवान विष्णु की बताई जाती है बरसों पहले जर्जर अवस्था में रह चुकी हैं परन्तु यहां निवास रत ग्रामीणों द्वारा इस प्रतिमा को अपने स्तर पर प्रतिमा के सभी भंग अंगों को एकत्रित कर उसे मूर्तरुप देने का प्रयास किया गया तथा कुछ हद तक उस प्रतिमा को सुरक्षित कर पुनः खडी कर दी गई तब से अबतक गांव वालों की पीडिया गुजर गई तथा अपनी पीडियो से मिली पुरातात्विक अवशेष ग्रामीणों द्वारा सुरक्षित रखे गए ।एवं इन प्रतिमाओं की पूजा अर्चना कर सुरक्षित किया गया बताया जाता है यह प्रतिमा ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जाती हैं तथा इन प्रतिमाओं को सुरक्षित रखने गांव के लोगों ने वर्षों पहले बीडा उठाया था तब से अपने पूर्वजों से विरासत में मिली इन धरोहरों को आज भी गांव के लोग सुरक्षित रखै हुए हैं बावजूद इसके पुरातत्व विभाग को सुध लेने की फुरसत नहीं मिल पाई ।बताया जाता है गांव के लोग तीज त्योहार पर इस प्रतिमा स्थल पर पहुंच कर साफसफाई कर पूजा अर्चना कर कार्यक्रम आयोजित करते रहते हैं ।