मकर सक्रांति का शाही स्नान करने संकीर्तन के साथ पैदल जत्था हो रहे रवाना, सुनाई दे रहे हर हर नर्मदे के जयकारे
सी एल गौर रायसेन
हर वर्ष की भांति इस बार भी आगामी 14 जनवरी को मकर संक्रांति के महापर्व को लेकर सनातन धर्म प्रेमियों में अति उत्साह का वातावरण देखा जा रहा है, श्रद्धा भावना के साथ श्रद्धालु आसपास के कई ग्रामीण अंचलों से मां नर्मदा जी के जयकारे लगाते हुए नंगे पांव जा रहे हैं। बुधवार को लगभग आधा दर्जन पैदल जत्थे जिला मुख्यालय से होकर नर्मदा स्नान करने के लिए मां नर्मदा के तट बगलवाडा, बोरास, बुधनी, होशंगाबाद, शाहगंज, पतई घाट, अली गंज घाट आदि के लिए रवाना हुए हैं। जगह-जगह धर्म प्रेमी इन पैदल यात्री जत्था में सामिल लोगों का स्वागत करते हुए भोजन पानी करा रहे हैं और धर्म का लाभ उठा रहे हैं। संकीर्तन करते हुए जत्थे में शामिल भक्तगण भजन करते हुए कठिन तपस्या कर चल रहे हैं इस आधुनिक दौर में बड़ी बात है जहां लोग फोर व्हीलर, टू व्हीलर वाहनों से नर्मदा स्नान करने के लिए जाते हैं वही प्राचीन परंपरा आज भी जारी है कि आसपास के दर्जनों गांव के लोग भजन कीर्तन करते हुए पैदल चलकर मकर सक्रांति का शाही स्नान करने के लिए नर्मदा मैया के दरबार में पहुंचते हैं और धर्म का लाभ उठाते हैं।