Let’s travel together.

वनविभाग में पदस्थ रेंजर पर फूटा आम जनता का गुस्सा , पीड़ित युवक ने पैट्रोल डालकर की आत्महत्या की कोशिश

0 1,273

तहसीलदार व एसडीओ ने बचाया

रेंजर तिलकसिंह रायपुरिया की प्रताड़ना से एक परिवार आत्महत्या करने पर किया मजबूर

विनोद साहू बाड़ी रायसेन

वन विभाग मुख्यालय में जब से तिलक सिंह रायपुरिया नहीं रेंजर का प्रभार संभाला तभी से बह अपनी कार्यशैली को लेकर चर्चाओं में रहने लगे ।
तीन महीनें से त्रस्त परिवार वन विभाग पहुँचा आत्महत्या के लिए
तीन माह पूर्व रेंजर तिलक सिंह रायपुरिया के ड्राइवर दीपक ने मनीष विश्वकर्मा से पाँच हजार की अड़ी डाली जिस पर मनीष ने एक हजार रुपए फोनपे पर डाल दिए लेकिन जब पाँच हजार की माँग पूरी नहीं तो तीन दिन बाद मनीष विश्वकर्मा के घर छापा मारकर बना बनाया फर्नीचर के साथ ही विभाग से खरीदी लकड़ी भी जब्त कर लाये ..


ढाई लाख नहीं देने पर बनाया फर्जी प्रकरण
क्षेत्र में लगभग दो दर्जन से अधिक फर्नीचर बनाने बाले कारीगर वन विभाग की अनुमति प्राप्त हैं । लेकिन रेंजर रायपुरिया ने धन कमाने के लिए इन्हें ही प्रताड़ित करना शुरु कर दिया । शुरु शुरु में इन लोगों को समझ में नहीं आया कि क्या हो रहा हैं और बह रेंजर रायपुरिया की माँग पूरी करते हैं ।


रेंजर पर शायद शिवराज सिंह का वरदहस्त हैं या सुपर सीएम का
इस रेंजर पर अपनी निजी कार वन विभाग में लगाकर शासन की आँखों में धूल झौंकी खबरों के बावजूद कुछ नहीं हुआँ, नतीजतन जंगल कटाई अवैध कब्जा कराने के साथ ही महिलाओं से छेड़छाड़ के आरोप लगते रहे और पीड़ित वरिष्ठ अधिकारियों को आवेदन निवेदन देकर घर बैठ गए , इससे रेंजर तिलकसिंह रायपुरिया का हौंसला बुलंदी पर पहुँच गया । मनीष विश्वकर्मा के परिवार तीन महीने से लगातार दुकान पुनः चालू कराने की लिए गिड़गिड़ाता रहा लेकिन रेंजर नहीं पसीजा। आज जब युवक के परिजनों ने आत्मघाती कदम उठाया तो तहसीलदार संजय नागवंशी व वन विभाग के एसडीओ मयंक राज ने आननफानन में जनता को शांत करने के लिए तत्काल दुकान खोलने का आदेश लिखित में दिया , बहीं परिजनों की माँग पर पुलिस में एफआईआर दर्ज कराने के लिए पत्र लिखा। गौरतलब हैं कि दर्जनों शिकायतें डीएफओ व सीसीएफ के पास पहुँचने के बावजूद आखिर यह रेंजर किस मिट्टी के बने हैं जो कार्यवाही नहीं की गई।


अब सबाल उठता हैं कि अगर रेंजर की कार्यवाही विधिसम्मत थी तो एसडीओ ने तत्काल दुकान खोलने के आदेश क्यों दिए तीन महीने से परिवार भटक रहा था तब क्यों नहीं जागे । अगर रेंजर गलत था तो एसडीओ व डीएफओ ने कार्यवाही क्यों नहीं ..अगर यह परिवार वन विभाग परिसर में आग लेता तो क्या होता ।
इनका कहना- हमारे पास जैसे ही वन विभाग बाड़ी से शिकायती पत्र आयेगा रेंजर तिलकसिंह रायपुरिया पर विभागीय कार्यवाही की जायेगी।
विजय कुमार डीएफओ औबेदुल्लागंज.

Leave A Reply

Your email address will not be published.

मध्यप्रदेश गौरव सम्मान से सम्मानित हुए वरिष्ठ रंगकर्मी अभिनेता सुनील सोन्हिया     |     टीम सूर्या ने ही नहीं, भारतीय संस्कृति ने भी जीता है वर्ल्ड कप -अजय बोकिल     |     कक्षा तीसरी, चौथी, छठवीं और सातवीं की परीक्षाएं प्रारंभ     |     दो हजार रुपए से ज्यादा बकाया होने पर उपभोक्ताओं के काटे जा रहे हैं कनेक्शन     |     सहकारी संस्था का सख्त वसूली अभियान, कर्मचारियों ने गांव-गांव पहुंचकर थमाए नोटिस     |     वीरेंद्र सिंह राजपूत को रायसेन जिला अध्यक्ष का अतिरिक्त प्रभार, कर्मचारियों में हर्ष     |     मनुष्य गति में ही दान करने का अवसर-मुनि श्री महासागर     |     देशभर की 25 महिला बाइकर्स पहुंची शिवपुरी टूरिस्ट विलेज     |     अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर विशेष शिविर का आयोजित      |     श्रद्धा भक्ति और उल्लास के साथ कुकेरा में ‘श्रीमद् गौ भागवत कथा’ का शुभारंभ     |    

Don`t copy text!
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9425036811