सैयद मसूद अली पटेल गैरतगंज रायसेन
मध्यप्रदेश रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एमपीआरडीसी) भोपाल संभाग के अंतर्गत रायसेन से राहतगढ़ तक 81 किलोमीटर लंबे स्टेट हाईवे-19 के टू-लेन निर्माण कार्य की रफ्तार बेहद धीमी होने से आमजन परेशान हैं। निर्माण कार्य एक निजी कंपनी द्वारा किया जा रहा है, लेकिन हालात ऐसे हैं मानो सड़क को खोदकर अधर में ही छोड़ दिया गया हो।
कई महीनों से जगह-जगह सड़क की खुदाई कर दी गई है, जिससे गिट्टी बाहर आ गई है। ऐसे में खासकर दोपहिया वाहन चालकों के लिए रास्ता बेहद जोखिम भरा हो गया है। आए दिन दर्जनों छोटे-बड़े हादसे हो रहे हैं, जिनमें बाइक सवार, महिलाएं और बच्चे घायल हो रहे हैं।
सड़क की बदहाल स्थिति के साथ-साथ उड़ती धूल ने भी लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। ग्रामीण और कस्बाई इलाकों में रहने वाले लोग व दुकानदार लगातार धूल की चपेट में हैं। नागरिकों का कहना है कि इस धूल के कारण सांस संबंधी बीमारियां, खासकर दमा होने का खतरा बढ़ गया है।
इस परियोजना के तहत रायसेन से राहतगढ़ तिगड्डे तक सड़क एवं पुल-पुलियों का निर्माण लगभग 2 अरब 60 करोड़ रुपये की लागत से स्वीकृत किया गया है। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी हरियाणा, गुड़गांव स्थित COMIT PPIL JV कंपनी को दी गई है। परियोजना की समय सीमा 2 वर्ष निर्धारित की गई थी, लेकिन एक वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बाद भी महज करीब 30 प्रतिशत कार्य ही हो सका है।
जहां-जहां सड़क खोदी गई है, वहां आवागमन अत्यंत कठिन हो गया है। आने वाले बारिश के मौसम को लेकर भी लोगों में चिंता बढ़ रही है कि यदि समय रहते काम पूरा नहीं हुआ तो स्थिति और भी भयावह हो सकती है।

स्टेट हाईवे-19 से जुड़े रायसेन, पठारी, अमरावत डेम, नकतरा, नरवर, खंडेरा, सिरसोदा, बिशनखेड़ा, किशनपुर, देहगांव, मुड़िया खेड़ा, गढ़ी, सहजपुर, चांदोनी गंज, बीनापुर, आलमपुर सहित अनेक गांवों के नागरिकों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है।
क्षेत्रवासियों ने केंद्रीय मंत्री एवं सांसद शिवराज सिंह चौहान, क्षेत्रीय विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी, कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा अनुविभागीय अधिकारी अंकित जैन सहित एमपीआरडीसी के अधिकारियों से अपील की है कि निर्माण एजेंसी पर सख्ती बरतते हुए कार्य में तेजी लाई जाए। साथ ही, धूल नियंत्रण के लिए नियमित रूप से पानी का छिड़काव कराया जाए और सड़क निर्माण गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूरा कराया जाए।
नागरिकों का स्पष्ट कहना है कि यदि जल्द ही ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले समय में यह सड़क आमजन के लिए राहत की बजाय बड़ी मुसीबत बन सकती है।
विभाग के ज़िम्मेदार अधिकारी ने नही किया फ़ोन रिसीव
इस सम्बन्ध में एमपीआरडीसी के सम्भागीय महाप्रबंधक
ईश्वर से चंदेल मोबाइल नम्बर 9425928289 पर सम्पर्क कर बात करने की को तो उन्होंने फ़ोन रिसीव नहीं किया।