रायसेन की रामलीला :: विभीषण के पुत्र तारिणी सेन ने राम लक्ष्मण से दो दिन तक किया युद्ध अंत में मारा गया
सी एल गौर रायसेन
ऐतिहासिक रामलीला के चलते बुधवार को स्थानीय कलाकारों द्वारा तारिणी सेन वध प्रसंग की आकर्षक लीला का मैदानी मंचन किया। प्रस्तुत की गई लीला के अनुसार लंका पति रावण के सामने विचित्र स्थिति बन रही है एक के बाद एक-एक कर रन मैदान में मारे जा रहे हैं इस बात को लेकर रावण चिंतित होता है इसके पश्चात वह विभीषण के पुत्र तारिणी सेन के पास पहुंचता है और कहता है कि हे तारिणी सेन भले ही मैं तुम्हारे पिता विभीषण को लंका से भगा दिया परंतु तुम मेरे अपने हो तुम मेरा कहना मत टालना तुम्हें राम और लक्ष्मण से युद्ध करने के लिए जाना है । इस प्रकार से रावण का आदेश मानकर तारिणी सेन अपनी पत्नी मीनाक्षी से कहता है कि तुम यही रहना मैं युद्ध करने के लिए जा रहा हूं परंतु विभीषण की धर्मपत्नी मीनाक्षी नहीं मानती क्योंकि वह भी युद्ध लड़ने में चतुर् थी और कहती है कि मैं भी स्वामी तुम्हारे साथ चलूंगी जो तुम्हारा हाल होगा वही मेरा होगा मैं यहां नहीं रहूंगी इस तरह से दोनों पति-पत्नी रामा दल की ओर जाते हैं और वहां विभीषण जी को देखकर बोले की मैं आपको प्रणाम करता हूं विभीषण ने पूछा कहो पुत्र यहां कैसे आए हो क्या भाई रावण ने तुम्हें भेजा है इस पर तारिणी सेन ने कहा की हां पिता श्री मुझे राम लक्ष्मण से युद्ध करने के लिए भेजा गया है मैं युद्ध अवश्य करूंगा।

इस प्रकार से भगवान राम लक्ष्मण हनुमान जी सहित युद्ध मैदान में जाते हैं और पूरे दिन भर तारणीसेन और उनके बीच युद्ध होता है युद्ध करते-करते शाम हो जाती है ऐसा मानकर भगवान राम और लक्ष्मण वापस आ जाते हैं परंतु दूसरे दिन भी तारिणी सेन युद्ध के लिए सामने आ जाता है इस पर भगवान राम विभीषण जी से पूछते हैं कि कहो विभीषण जी तुम्हारा पुत्र है इसे अब मारना ही होगा बताएं। इस प्रकार से विभीषण राम जी से कहते हैं कि हे प्रभु तारिणी सेन ऐसे नहीं मरेगा जब तक आपकी पीठ नहीं देख लेगा तब तक वह नहीं मर पाएगा आप युद्ध के दौरान तारिणी सेन की ओर पीठ कर देना तभी जाकर मर पाएगा क्योंकि वह मेरा पुत्र है और मेरे हृदय में बस आप बसे हुए हैं और वहीं तारिणी सेन के हृदय में है इसलिए उसे पहले पीठ बताना फिर मार देना । इस प्रकार से तारिणी सेन को भगवान राम और लक्ष्मण मार देते हैं। रामलीला के अंतिम दौर में मायावी रावण तरह-तरह की माया चला कर राम और लक्ष्मण से युद्ध करेगा गुरुवार को भी लंका पति मायावी रावण बनकर भगवान राम युद्ध करने आएगा।