वीआईपी कॉलोनी में गंदा पानी और जलभराव से रहवासी परेशान
8 बार कलेक्टर और 8 बार एसडीएम को दे चुके ज्ञापन, नगर पालिका में भी शिकायत के बाद नहीं हुई सुनवाई; रहवासियों ने दी आंदोलन की चेतावनी
जनसुनवाई महज औपचारिकता,शिकायतों के बाद निराकरण नहीं
रायसेन। जिला मुख्यालय स्थित नगर पालिका रायसेन के वार्ड क्रमांक-4 की वीआईपी कॉलोनी इन दिनों बुनियादी सुविधाओं के अभाव से जूझ रही है। कलेक्ट्रेट के नजदीक स्थित इस कॉलोनी के रहवासियों का आरोप है कि बार-बार शिकायत और अधिकारियों को ज्ञापन देने के बावजूद उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा है। कॉलोनी में जगह-जगह गंदा पानी जमा है, जिसके कारण मच्छरों और कीटाणुओं का प्रकोप बढ़ रहा है। वहीं सड़क और पानी निकासी की व्यवस्था भी बदहाल बताई जा रही है।

रहवासियों के अनुसार, वे अपनी समस्याओं को लेकर कलेक्टर को करीब आठ बार ज्ञापन दे चुके हैं, जबकि एसडीएम के समक्ष भी कई बार शिकायत रखी जा चुकी है। नगर पालिका को भी जलभराव और सफाई व्यवस्था को लेकर शिकायत की गई, लेकिन इसके बावजूद स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ।
गंदे पानी में मच्छर और सांप का खतरा
कॉलोनी के रहवासियों का कहना है कि लंबे समय से जमा पानी अब परेशानी का बड़ा कारण बन गया है। गंदे और ठहरे हुए पानी में मच्छर पनप रहे हैं और कीटाणुओं के कारण संक्रमण का खतरा बना हुआ है। रहवासियों ने यह भी दावा किया कि जमा पानी वाले क्षेत्र में सांप दिखाई देने की स्थिति भी बनी रहती है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश और जलभराव के कारण हालात और ज्यादा खराब हो जाते हैं। पानी की निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से गंदा पानी लंबे समय तक जमा रहता है।
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टैक्स भर रहे हैं तो सुविधाएं भी मिलनी चाहिए’
कॉलोनी के रहवासियों का कहना है कि यहां करीब 25 से 30 परिवार नगर पालिका को नियमित रूप से टैक्स का भुगतान करते हैं। उनका सवाल है कि जब नागरिक नियमित रूप से टैक्स चुका रहे हैं, तो उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना नगर पालिका की जिम्मेदारी है।
रहवासियों ने कहा कि कॉलोनी में सड़क की समस्या भी बनी हुई है। उनका आरोप है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद न तो सड़क की समस्या का समाधान हुआ और न ही जल निकासी एवं सफाई व्यवस्था को दुरुस्त किया गया।
सीएम हेल्पलाइन तक पहुंची शिकायत
रहवासियों का कहना है कि उन्होंने स्थानीय स्तर पर शिकायत करने के साथ-साथ सीएम हेल्पलाइन सहित विभिन्न माध्यमों से भी अपनी समस्या शासन-प्रशासन तक पहुंचाई है। इसके बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं होने से कॉलोनीवासियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।

दो-तीन दिन का अल्टीमेटम, आंदोलन की चेतावनी
अब रहवासियों ने प्रशासन और नगर पालिका को दो से तीन दिन का समय देते हुए जमा गंदे पानी को खाली कराने और सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है। रहवासियों का कहना है कि यदि तय समय में समस्या का समाधान नहीं किया गया तो कॉलोनी के लोग सामूहिक रूप से सड़क पर बैठकर धरना-प्रदर्शन करेंगे।
रहवासियों ने जरूरत पड़ने पर संबंधित मंत्री को भी मौके पर बुलाने और अपनी समस्या उनके सामने रखने की बात कही है। उनका कहना है कि लंबे समय से शिकायतों के बावजूद यदि सुनवाई नहीं होती है तो अब वे आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होंगे।
कॉलोनीवासियों का कहना है कि कलेक्ट्रेट के इतने करीब स्थित क्षेत्र में जब बुनियादी सुविधाओं के लिए बार-बार अधिकारियों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, तो शहर के अन्य हिस्सों की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। अब देखना होगा कि प्रशासन और नगर पालिका इस शिकायत पर कितनी जल्दी कार्रवाई करते हैं।